गोरखपुर में चौरीचौरा इलाके में बच्चे का अपहरण करने वाली महिला के संपर्क में रहने वाले तांत्रिक की सरगर्मी से तलाश शुरू कर दी गई है। गुरुवार की आधी रात पुलिस ने देवरिया स्थित उसके आवास पर दबिश भी डाली थी, मगर वह फरार हो गया था। मुकदमे में तांत्रिक को भी आरोपित बनाया गया है। खबर है कि तांत्रिक के कई मामले सामने आने के बाद एसएसपी डॉ. विपिन ताडा ने हर थाने में सोखा/तांत्रिक रजिस्टर बनाने का आदेश दिया है। इसमें इलाके में झाड़ फूंक करने वाले सभी का ब्योरा दर्ज किया जाएगा और पुलिस नियमित निगरानी भी करेगी।
पुलिस ने खोराबार के करजहां निवासी आरोपित महिला सविता निषाद पत्नी श्रीराम को शुक्रवार को कोर्ट में पेश किया जहां से उसे जेल भेजा गया है। सविता ने पूछताछ में पुलिस को बताया था कि छह साल के बच्चे का अपहरण उसने तांत्रिक के कहने पर किया था। तांत्रिक ने इसके बदले उसे रुपये देने का वादा किया था। हालांकि, कितने रुपये में बच्चे को वह खरीदता, इसके बारे में महिला ने जानकारी नहीं दी है। पुलिस का मानना है कि तांत्रिक के पकड़े जाने के बाद पूरा खेल खुलकर सामने आ जाएगा कि आखिर वह बच्चे के साथ कौन सा तंत्र-मंत्र करने वाला था और बच्चे के बदले कितने रुपया देता।
पिपराइच में इसी तरह तांत्रिक द्वारा पांच साल के बच्चे को अगवा कर हत्या की गई थी। इसके बाद चौरीचौरा में इसी तरह का मामला सामने आया है। अब एसएसपी ने सभी थानेदार को निर्देशित किया है कि वह अपने-अपने थाने में सोखा रजिस्टर बनाएं। रजिस्टर में झाड़-फूंक करने वाले का नाम, मोबाइल नंबर को दर्ज किया जाए। नियमित निगरानी भी होनी चाहिए। निगरानी की जिम्मेदारी बीट अधिकारी को दी गई है। इसके साथ ही उन सोखा का नाम भी इस रजिस्टर में दर्ज करना होगा जो किसी अन्य जिले के रहने वाले है, लेकिन गोरखपुर तक आकर झाड़-फूंक करते हों।