व्हाट्सएप ग्रुप पर आपत्तिजनक पोस्ट डाले जाने पर अब एडमिन इसके लिए जिम्मेदार नहीं होंगे। बांबे हाईकोर्ट की नागपुर पीठ ने इस मुद्दे पर अहम फैसला सुनाते हुए, एडमिन को इसके लिए दोषी मानने से मना कर दिया है। हाईकोर्ट ने माना कि एडमिन सिर्फ लोगों को जोड़ने का काम करता है।
आपत्तिजनक पोस्ट में एडमिन की भूमिका होने पर ही उसके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। गोरखपुर शहर के युवाओं के साथ व्हाट्सएप ग्रुप चलाने वालों ने इस फैसले से राहत महसूस की है। उन्होंने इस फैसले का स्वागत करते हुए, इसे जल्द ही प्रभावी बनाए जाने की मांग की है।
एडमिन सिर्फ लोगों को आपस में जोड़ता है
गोरखपुर के नवाब ग्रुप के प्रिंय तिवारी ने बताया कि एडमिन सिर्फ लोगों को आपस में जोड़े रखे जाने के लिए ग्रुप बनाकर जोड़ता है। इसमें उसकी मंशा कहीं भी किसी आपत्तिजनक, नियम विरुद्ध कार्य प्रणाली को बढ़ावा देने की नहीं होती। अभी तक ग्रुप में आपत्तिजनक पोस्ट पर एडमिन को दोषी ठहराया जाता था।