एम्स इलाके के माड़ापार कोनी फरेन नाला के पास पांच दिसंबर को मिली महिला की लाश की पहचान बिहार प्रांत के गोपालगंज निवासी आशा (28) के रूप में हुई। पति नागेंद्र सिंह ने हत्या करने के बाद गांव के शव प्रधान की मदद से कार से लाकर फेंका था।
पुलिस ने सोशल मीडिया पर फोटो वायरल कर दिया था। जिसे देखकर कुशीनगर के एक शख्स ने जानकारी दी। आशा का मायका कुशीनगर जिले के तरया सुजान के रामपुर बंगरा गांव में है। वह यहां के कमल सिंह की बेटी थी। एम्स पुलिस ने गोपालगंज पुलिस को सूचना दी है। वहां पर दहेज हत्या का केस दर्ज है।
जानकारी के मुताबिक, पांच दिसंबर को एम्स इलाके के कोनी के पास पुलिस ने अज्ञात महिला का शव बरामद किया था। गला कसकर उसकी हत्या की गई थी। पहले ही दिन पुलिस को आशंका थी कि हत्या करने के बाद शव को लाकर फेंका गया है। पुलिस ने महिला का शव सोशल मीडिया पर वायरल कर आसपास के जिले की पुलिस से मदद भी मांगी थी।
इसी बीच बृहस्पतिवार दोपहर में सोशल मीडिया पर फोटो देखकर एक युवक ने पुलिस से संपर्क किया। एम्स पुलिस को उसने बताया कि आशा की फोटो है और उसका मायका व ससुराल भी बता दिया। गोपालगंज पुलिस को एम्स पुलिस ने फोटो भेजा और फिर उसकी पहचान आशा के रूप में होने के बाद मायके से संपर्क कर उन्हें बुलाया गया। गोपालगंज पुलिस भी गोरखपुर आ रही है और पोस्टमार्टम के बाद रिपोर्ट लेकर जाएगी, ताकि आगे की कार्रवाई की जा सके।
महिला के शव की पहचान गोपालगंज, बिहार की आशा के रूप में हुई है। गोपालगंज पुलिस ने इस मामले में दहेज हत्या का केस दर्ज किया है। उन्हें जानकारी दे दी गई है। आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।- कृष्ण कुमार बिश्नोई, एसपी सिटी