फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

एम्स : हाईटेक बनेगा विश्राम सदन... तीमारदारों को मिलेगी सहूलियत

विज्ञापन
विज्ञापन
- 500 बेड की क्षमता के विश्राम सदन बनने से तीमारदारों को एक ही जगह पर सभी आवश्यक वस्तुएं भी मिलेंगी
विज्ञापन

- पांच मंजिला विश्राम सदन दो साल में बनकर होगा तैयार, सीएम आज करेंगे शिलान्यास
गोरखपुर। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में अब मरीजों के तीमारदारों को ठहरने के लिए आधुनिक और सुविधायुक्त आश्रय मिलेगा। परिसर में 500 बेड की क्षमता वाला हाईटेक, पांच मंजिला विश्राम सदन (नाइट शेल्टर) बनाया जाएगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शुक्रवार को शाम चार बजे विश्राम सदन की भूमि का पूजन एवं शिलान्यास करेंगे।
एम्स में देवरिया, कुशीनगर, महराजगंज, बिहार समेत नेपाल तक के मरीज इलाज कराने के लिए आते हैं। एम्स में दिन-प्रतिदिन इलाज कराने वाले मरीजों की संख्या बढ़ती जा रही है। एम्स में पहले से 200 बेड का रैन बसेरा स्थापित है। जबकि इलाज कराने वाले मरीजों की संख्या इससे कई गुना ज्यादा है। एम्स की मीडिया प्रभारी डाॅ. आराधना सिंह ने बताया कि एम्स परिसर में इमरजेंसी विभाग के सामने पार्किंग की जगह पर 10,804 वर्ग मीटर क्षेत्रफल विश्राम सदन का निर्माण किया जाएगा। इसमें छह और 10 बेड की क्षमताओं वाले कई शयनगृह बनाए जाएंगे। इसके अलावा भवन में लिफ्ट, कैफेटेरिया (होटल), फार्मेसी, ग्रॉसरी शॉप (किराने की दुकान) जैसी उपयोगी सुविधाएं भी होंगी। इससे दूर-दराज़ से आने वाले मरीजों के तीमारदारों को आवश्यकता की सभी वस्तुएं एक ही जगह पर मिल जाएंगी।
विज्ञापन

- दो साल में बनेगा विश्राम सदन
इसका निर्माण नेशनल बिल्डिंग कंस्ट्रक्शन कॉर्पोरेशन (एनबीसीसी) करेगा। इसके लिए आवश्यक धनराशि पावर ग्रिड कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड के कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (सीएसआर) फंड के अंतर्गत प्रदान की जा रही है। 45 करोड़ की लागत में बनने वाले इस सदन का कार्य दो वर्षों में पूर्ण करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
विज्ञापन


विश्राम सदन मरीजों के साथ आए तीमारदारों को सुरक्षित ठहराव की सुविधा प्रदान करेगा। दूर-दराज से इलाज कराने आए मरीजों के परिजनों को एक ही जगह पर आवश्यक सुविधाएं मिलने से सहूलियत मिलेगी। शिलान्यास के बाद तेजी से इसका निर्माण कार्य किया जाएगा।
- डॉ. विभा दत्ता, कार्यकारी निदेशक
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें