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एसटीपी के लिए बिछाई जाएगी 247 किलोमीटर सीवर लाइन, 650 करोड़ की परियोजना तैयार

Tue, 19 Jan 2021 10:58 AM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।

सार

  • गोरखपुर-नौतनवां, गोरखपुर-लखनऊ रेलवे लाइन के बीच के मोहल्ले के नालों को किया जाएगा टैप
  • रोहिणी नदी में गिरने वाले शहर के नालों के गंदे पानी को साफ किया जाएगा
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sewer line - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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रोहिणी नदी में गिरने वाले शहर के नालों के गंदे पानी को साफ करने के लिए नेताजी सुभाष चंद्र बोस नगर में सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) का निर्माण होना है। इसके लिए शहर में करीब 247 किलोमीटर लंबी सीवर लाइन बिछाई जाएगी। एसटीपी का निर्माण प्रदेश सरकार की ओर से फंड स्वीकृति होने के बाद तीन से चार साल में पूरा होगा।

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शहर के नालों का पानी मुख्य रूप से रामगढ़ ताल के अलावा राप्ती और रोहिणी नदी में गिरता है। इसमें भी करीब दो तिहाई नालों का पानी राप्ती नदी और रोहिणी नदी में गिरता है। इन नालों के पानी को नदी में गिरने से पहले साफ करने के लिए करीब पांच साल पहले योजना तैयार की गई थी।

प्रोजेक्ट काफी बड़ा होने की वजह से राप्ती और रोहिणी नदी के लिए अलग-अलग प्रस्ताव भेजा गया। राप्ती नदी के लिए एसटीपी का प्रस्ताव 2015 में नमामि गंगे परियोजना के तहत प्रदेश सरकार के जरिए केंद्र सरकार को भेजा गया था। वहीं, रोहिणी नदी के लिए अमृत योजना के तहत 650 करोड़ का प्रस्ताव जल निगम ने प्रदेश सरकार को भेजा है।
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40 एमएलडी का एसटीपी के अलावा सीवरेज पंपिंग स्टेशन भी बनेगा

रोहिणी नदी में गिरने वाले नालों के पानी को साफ करने के लिए सूरजकुंड स्थित सुभाष चंद्र बोस नगर इलाके में 40 एमएलडी का एसटीपी बनाया जाना है। एक सीवरेज पंपिंग स्टेशन का भी निर्माण होना है। योजना के तहत गोरखपुर-नौतनवां और गोरखपुर-लखनऊ रेल लाइन के बीच के इलाकों के अलावा सूरजकुंड, लच्छीपुर, राजेंद्र नगर, गोरखनाथ क्षेत्र, सोनौली रोड के किनारे के सारे मोहल्लों में करीब 247 किलोमीटर लंबी सीवर लाइन बिछाई जानी है।

नगर निगम की चीफ इंजीनियर सुरेश चंद का कहना है कि इसके लिए जल निगम ने इसके लिए प्रोजेक्ट तैयार कर लिया है। जल निगम के अधिशासी अभियंता रतनसेन सिंह का कहना है कि फंड मिलने के बाद तीन से चार साल में इस प्रोजेक्ट को पूरा कर लिया जाएगा।

रोहिणी नदी में गिरने वाले बड़े नाले
बसियाडीह नाला, नेताजी सुभाष चंद्र बोस नगर कॉलोनी का नाला, स्टेपिंग स्टोन स्कूल के पास का नाला, ग्रीन सिटी फेज-2 का नाला, बरगदवां गांव का नाला, महेसरा नाला
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