'दूल्हे का सेहरा सुहाना लगता है...' शादियां चाहें फिल्मों में हों या फिर अलज जिंदगी में, दूल्हे की शान उसके सेहरे से ही तो है। दूल्हे के सिर पर बंधा सेहरा न सिर्फ हमारी परंपरा का हिस्सा है बल्कि यह दूल्हे के लुक को और भी खास बनाता है।
फिर फैशनपरस्त दूल्हे राजा के लिए शादी के दिन सेहरा चुनते वक्त अगर थोड़ी भी चूक हुई, तो न सिर्फ उनका पहनावा फीका लगेगा बल्कि उनका रूआब भी ढीला पड़ जाएगा। आइए जानें, सेहरा चुनते वक्त किन बातों पर ध्यान देनें से दूल्हे का लुक रॉयल होगा।
पगड़ी स्टाइल सेहरा
राजस्थानी पगड़ी के ठाठ ही अलग हैं। शादी पर हेवी शेरवानी, कुर्ते या बंद गला कोट पर पगड़ी का लुक क्या खूब जमता है। गोरे या गेंहुए रंग के लोगों पर लाल, पीले जैसे रंगों को ले सकते हैं। सांवले रंग पर मैरून, गुलाबी जैसे शेड्स की पगड़ी अधिक फबेगी।
आप चाहें तो कॉटन या सिल्क की रंग-बिरंगी पगड़ी के साथ स्टोन या मोती का ब्रॉन्च भी लगा सकते हैं, दूल्हे का लुक और भी शाही लगेगा।
लरी वाला सेहरा
फूलों या मोतियों की लरी वाले सेहरे का चलन दक्षिण भारत में अधिक है। इसमें दूल्हे का पूरा चेहरा फूलों की लरी या मोतियों की लरी से छंका रहता है। खासतौर पर ऊंचे कद वाले लोगों पर यह सेहरा और भी फबता है।
इसे चुनते वक्त ध्यान रखें कि फूल बिल्कुल ताजा हों, उनकी महक हल्की हो और आपको उनसे एलर्जी न हो। इन्हें रेशन या सूती धागों में पिरोया जाता है। और शाही लुक देने के लिए फूलों के साथ मोतियों को भी लरियों में पिरोया जा सकता है।
साइज हो सही
पगड़ी या सेहरा खरीदते वक्त सबसे यह भा ध्यान रखें कि सेहरना न अधिक टाइट हो और न बहुत ढीला। बहुत अधिक टाइट सेहरे से कई बार अधिक पसीना आता है जबकि ढीली पगड़ी को संभालना टेढ़ी खीर है।
आजकल सेहरे का चयन पोशाक के रंग के कंट्रास्ट या मैचिंग के साथ कर सकते हैं या फिर शेरवानी के बटन से मैच करता ब्रॉन्च लगा सकते हैं।