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Fact check: लड़की को पीटने वाले वीडियो को सांप्रदायिक रूप देने की कोशिश, जानें वायरल वीडियो का सच

Thu, 29 Aug 2024 08:35 PM IST
संध्या फैक्ट चेक डेस्क, अमर उजाला

सार

सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल है जिसमें एक लड़का लड़की को बुरी तरह से पीट रहा है। इस वीडियो में लड़के को मुस्लिम बताकर उस पर लव जिहाद का आरोप लगाया गया है। 
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फैक्ट चेक - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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सोशल मीडिया एप एक्स पर एक वीडियो शेयर किया जा रहा। इस वीडियो में दिख रहा है कि एक लड़का एक लड़की को बुरी तरह से पीट रहा है। 15 सेकेंड के इस वीडियो में लड़का आठ से 10 बार हाथ, पैर और चप्पल से लड़की को मारता है। इस वीडियो को भारत का बताते हुए शेयर किया जा रहा है। 
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क्या है दावा

प्रियांका (@priyankasprks) नाम की एक एक्स यूजर ने इस वीडियो को शेयर करते हुए लिखा है 'मित्रों इसी को बोलते हैं लव जिहाद, आप देख सकते हैं सेक्यूलर हिन्दुओं की बेटी अपने जेहादी आशिक अब्दुल से कितना प्यार से मार खा रही है। सूटकेस में भी कल पैक हो जाएगी, परंतु आशिकी खत्म नही होना चाहिए, मुझे अब कोई हमदर्दी नहीं इन जैसे सेक्यूलर हिन्दुओं के लिए।' 
 
इस वीडियो को सांप्रदायिक रंग देकर शेयर किया गया है। लेकिन वीडियो के साथ कोई भी विश्वसनीय स्रोत की जानकारी नहीं दी गई है। 

पड़ताल

इस वीडियो की पड़ताल करने के लिए हमने सबसे पहले गूगल पर वायरल वीडियो के की-फ्रेम को रिवर्स इमेज सर्च किया। गूगल रिजल्ट में हमें इससे संबंधित कुछ पुरानी खबरें मिली। यहां से यह संकेत तो मिल गया कि वायरल हो रहा वीडियो हाल फिलहाल का नहीं है। पड़ताल में आगे बढ़ते हुए हमने मलेशिया की समाचार साइट वर्ल्ड ऑफ बज की एक खबर दिखी। इस साइट पर वायरल वीडियो से संबंधित एक खबर अक्तूबर 2022 में छपी थी। 
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इस खबर से हमें वायरल वीडियो के बारे में कुछ जानकारी मिली। खबर के अनुसार पीटने वाला लड़का लड़की का भाई है। द न्यूज पेपर स्ट्रेट्स टाइम्स ने पुलिस के बयान को खबर में छापा था। सबा पुलिस के बयान के अनुसार, घटना कोटा किनाबालु के एक शॉपिंग सेंटर में हुई थी। कोटा किनाबालु मलेशिया का एक शहर है जिससे ये बात साफ हो जाती है कि वीडियो भारत का तो नहीं है। 
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पड़ताल का नतीजा

हमारी पड़ताल में ये साफ है कि इस घटना का भारत से कोई संबंध नहीं है। वायरल वीडियो में लड़की को हिंदू बताने वाले दावे में भी कोई सच्चाई नहीं है।
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