यूट्यूबर आशीष चंचलानी की जमानत याचिका पर सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति मृदुल कुमार कलिता की एकल पीठ ने उनको अंतरिम राहत दी और उन्हें 10 दिनों के भीतर जांच अधिकारी के सामने उपस्थित होने को कहा। यूट्यूबर को अंतरिम जमानत मिली गई है।
आशीष के वकील ने दी ये दलील
आशीष चंचलानी के वकील दिगंत दास और जॉयराज बोरा ने कोर्ट में तर्क दिया कि उनके मुवक्किल ने शो में कुछ भी नहीं कहा और एफआईआर में आरोप केवल सह-आरोपी व्यक्तियों के खिलाफ लगाए गए थे। गौहाटी पुलिस ने 10 फरवरी को एक व्यक्ति की शिकायत पर भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, सिनेमैटोग्राफ अधिनियम और महिलाओं के अश्लील चित्रण अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की थी, इसमें आशीष का नाम भी शामिल था।
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जांच में सहयोग करने के लिए कोर्ट ने कहा
कोर्ट में दोनों पक्षों को सुनने के बाद न्यायमूर्ति कलिता ने आशीष चंचलानी को अंतरिम जमानत दे दी और कहा, ‘इस आदेश की तारीख से 10 दिनों के भीतर उन्हें जांच करने वाले पुलिस अधिकारी के सामने पेश होना हाेगा और जांच में सहयोग करना होगा।’ हाई कोर्ट ने अगली सुनवाई की तारीख 7 मार्च तय की और केस डायरी पेश करने का आदेश भी दिया।
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क्या है पूरा मामला
आशीष चंचलानी के अलावा असम में इसी मामले में नामित अन्य लोगों में कॉमेडियन समय रैना, रणवीर अल्लाहबादिया, जसप्रीत सिंह और अपूर्वा मखीजा भी शामिल हैं। इन सब पर इसलिए शिकायत दर्ज हुई क्योंकि ये समय रैना के शो ‘इंडियाज गॉट लेटेंट’ में शामिल हुए थे, जहां पर माता-पिता को लेकर अश्लील जोक्स कहे गए। इसके बाद असम के अलावा कई राज्यों में इन सभी लोगों पर एफआईआर दर्ज की गई।