फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Payal Kapadia: कान में इतिहास रचने पर FTII ने थपथपाई पायल की पीठ, कभी संस्थान में कहा गया था 'देश विरोधी'

Mon, 27 May 2024 09:26 AM IST
ज्योति राघव एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला

सार

कान फिल्म फेस्टिवल में दूसरा सबसे बड़ा पुरस्कार जीतने पर पायल कपाड़िया को भर-भरकर बधाईयां मिल रही हैं। इस बीच उनके अल्मा मेटर एफटीआईआई ने भी सबका ध्यान खींचा है, जिसने फिल्म निर्देशक की तारीफ की है। 
विज्ञापन
पायल कपाड़िया - फोटो : एक्स-@FTIIOfficial
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

77वें कान फिल्म महोत्सव में भारतीय फिल्म मेकर पायल कपाड़िया ने इतिहास रच दिया। प्रतिष्ठित फिल्म समारोह में उनकी फिल्म 'ऑल वी इमेजिन एज लाइट' ने ग्रांड प्रिक्स जीता है। ग्रांड प्रिक्स, पाल्मे डी'ओर के बाद फिल्म महोत्सव का दूसरा सबसे प्रतिष्ठित पुरस्कार है। पायल की इस उपलब्धि पर पूरा देश गदगद है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित तमाम निर्माता-निर्देशकों ने उनकी पीठ थपथपाई है। इस बीच पायल के शैक्षिक संस्थान फिल्म एंड टेलिविजन इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (FTII) ने भी खुशी जताई है। लेकिन, पता है कभी पायल की अपने इस संस्थान से जमकर तकरार रही थी। यहां तक कि उनकी स्कॉलरशिप तक रोक दी गई थी।

विज्ञापन


अवॉर्ड जीतने वाली पहली भारतीय
कान फिल्म फेस्टिवल में दूसरा सबसे बड़ा पुरस्कार जीतने पर पायल कपाड़ियों को भर-भरकर बधाईयां मिल रही हैं। इस बीच उनके अल्मा मेटर एफटीआईआई ने भी सबका ध्यान खींचा है, जिसने फिल्म निर्देशक की तारीफ की है। अपनी फिल्म के लिए  ग्रांड प्रिक्स अवॉर्ड जीतने वाली पायल पहली भारतीय हैं। रविवार को भारतीय फिल्म एवं टेलीविजन संस्थान ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा कि यह एफटीआईआई के लिए गर्व का क्षण है। उनकी पूर्व छात्र ने कान में इतिहास रचा है। इसी के साथ पायल को बधाई दी।

इस वजह से किया था विरोध प्रदर्शन
एफटीआईआई की तरफ से जारी हुए बधाई वाले पोस्ट के बाद लोगों को 2015 का वह वक्त याद आ गया, जब पायल कपाड़िया ने अपने संस्थान एफटीआईआई के खिलाफ प्रदर्शन किया था।पायल ने धारावाहिक "महाभारत" में युधिष्ठिर की भूमिका निभाने वाले एक्टर से नेता बने गजेंद्र चौहान को पुणे स्थित संस्थान के अध्यक्ष के रूप में नियुक्ति किए जाने के खिलाफ विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व किया था। 2015 में यह प्रदर्शन करीब 139 दिनों तक चला था। 
विज्ञापन


कान से लौटकर होगी पेशी?
प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने संस्थान के परिसर में प्रदर्शन करने वाले कुछ छात्रों को गिरफ्तार किया था। पायल कपाड़िया सहित 35 छात्रों पर भारतीय दंड संहिता की अलग-अलग धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया था। FTII ने पोस्ट साझा कर खुशी जताई है। वहीं, 'स्लमडॉग मिलियनेयर' के लिए बेस्ट साउंड मिक्सिंग का ऑस्कर जीतने वाले रसूल पोकुट्टी भी से पढ़े हैं। पायल की जीत पर खुशी जताते हुए उन्होंने फेसबुक पोस्ट लिखा। इसमें उन्होंने बताया कि पायल को कान से भारत लौटकर पेशी के लिए अदालत जाना है। उन्होंने लिखा, 'पायल, जो आरोपी नंबर 25 हैं, वे kev से भारत आएंगी तो अगले महीने उन्हें अदालत में पेशी के लिए जाना होगा, उस केस के सिलसिले में एफटीआईआई ने गजेंद्र चौहान के खिलाफ हड़ताल करने के लिए उन पर दर्ज कराया था। यह कितना दिलचस्प है न!'।
विज्ञापन


पायल ने इन्हें दिया जीत का श्रेय
मालूम हो कि पायल कपाड़िया की फिल्म 'ऑल वी इमेजिन एज लाइट' में कनी कुश्रुति, दिव्या प्रभा, छाया कदम और हृदयु हारून मुख्य भूमिका में हैं। पायल ने अपनी सफलता का श्रेय FTII के अपने शिक्षकों और छात्रों को दिया। उन्होंने कहा, 'यह उन लोगों से मिलने के लिए एक शानदार जगह है जो सिनेमा से प्यार करते हैं। मेरे बैचमेट्स ने मेरे विचारों को आकार देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई'।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें