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शो जीतूंगी तो पहले घर बनवाऊंगी: आईजीटी फाइनलिस्ट

Tue, 20 Nov 2012 12:23 PM IST
अनुराधा गोयल
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कलर्स पर प्रसारित टैलेंट शो 'इंडियाज गॉट टैलेंट सीजन 4' का ग्रांड फिनाले जल्द ही होने वाला है। इस शो में तानिया और उनके पति मुकेश फाइनल राउंड तक पहुंच गए हैं। तानिया और मुकेश सर्कस में काम करते हैं। तानिया एरियल आर्ट में एक्सपर्ट है। हवा में झूलते हुए डांस करना जैसे तानिया के बाएं हाथ का खेल है। हाल ही में अमर उजाला की संवाददाता ने तानिया से खास बातचीत की। पेश है तानिया से अमर उजाला की बातचीत।
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'इंडियाज गॉट टैलेंट' में आपका अब तक का सफर कैसा रहा?
बहुत अच्छा रहा। मैंने और मुकेश ने तीन बार परफॉर्मेंस दिया, तीनों बार जज खड़े होकर तालियां बजाने लगे। मेरे लिए इससे अच्छा कुछ हो नहीं सकता था। हमारी परफॉर्मेंस पर जज बहुत अच्छे कमेंट्स करते हैं, बहुत खुश होते हैं। हमारी खुशी का कोई ठिकाना नहीं है, सर्कस में काम करने के बाद यहां परफॉर्म करने का बिल्कुल अलग ही अनुभव है।

कभी आपने सोचा था कि 'इंडिया गॉट टैलेंट' जैसे रियैलिटी शो में आपको जाने का मौका मिलेगा?
नहीं, हम लोग काम तो अच्छा करते हैं लेकिन हमारे लिए कोई ऐसा प्लेटफॉर्म नहीं है जिससे हम अपने हुनर को लोगों को दिखा सकें। हम शुरू से सर्कस कर रहे हैं और हमें इसमें ज्यादा पैसा कमाने का मौका नहीं मिलता और सर्कस के पैसे से हमारा गुजारा भी नहीं चलता।
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'इंडिया गॉट टैलेंट' के बारे में आपकी क्या राय है?
ये शो वाकई बहुत अच्छा है। हम जैसे छोटे-छोटे लोगों को प्लेटफॉर्म देने के लिए बहुत बड़ा शो है।

आपको एरियल आर्ट करते हुए डर नहीं लगता?
डर तो नहीं लगता, लेकिन नई जगह पर ये एक्ट करना थोड़ा सा मुश्किल काम होता है। शुरूआत में यहां डर लगा था क्योंकि एकदम नई जगह थी लेकिन अब ऐसा नहीं है।

'इंडिया गॉट टैलेंट' शो में परफॉर्म करने के लिए आपको कितनी प्रैक्टिस करनी पड़ी?
यहां परफॉर्म करने के लिए बिल्कुल भी टाइम नहीं लगा। ये लोग तकनीकी रूप से काफी स्ट्रॉन्ग हैं। मैंने जब उन्हें बताया कि कैसे करना है तो उन लोगों ने काफी अच्छे से समझा। मुझे बहुत ज्यादा प्रैक्टिस की जरूरत नहीं पड़ी।

आप कितने साल से एरियल आर्ट और सर्कस कर रही हैं?
मुझे लगभग 22 साल हो गए है।

आपने सर्कस को ही अपना कॅरियर क्यों चुना?
गांव में जब सर्कस लगता था तो बहुत अच्छा लगता था। मेरी बहन भी सर्कस में ही थी तो खेल-खेल में मैं भी इसी लाइन में आ गई।

आपने इसके लिए कहीं से प्रोफेशनली ट्रेनिंग भी ली?
मेरे ट्रेनर केरल में रहते हैं, वे भी यही सब काम करते हैं। वे इस आर्ट में एक्सपर्ट हैं।

यदि कोई सर्कस में अपना कॅरियर बनाना चाहता है तो उसे परफेक्ट होने में कितने साल लगेंगे?
इस आर्ट में समय लगता है। मैं 22 साल से इसी लाइन में हूं। इसके लिए काफी प्रैक्टिस की भी जरूरत है। यदि कोई बचपन से ट्रेनिंग लेता है तभी वो इस आर्ट में परफेक्ट हो सकता है।

तो क्या आप एरियल आर्ट की ट्रेनिंग भी देती हैं?
मैंने आज तक ट्रेनिंग दी नहीं है। लेकिन 'इंडिया गॉट टैलेंट' में आने के बाद बहुत बच्चों ने इस आर्ट को सीखने की जिद की है।

इस शो में आने से आपकी लाइफ में कुछ बदलाव आएगा?
बहुत फर्क पड़ रहा है। पहले मेरे पास सर्कस के अलावा कोई काम नहीं था लेकिन यहां आने के बाद मेरे पास काम के बहुत ऑफर आ रहे हैं। शो करने के ऑफर्स मिल रहे हैं। ट्रेनिंग देने के लिए लोग रिक्वेस्ट कर रहे हैं। मुझे ऐसा फील हो रहा है कि पहली बार मेरी और मेरे काम की कद्र हो रही है।

आप ये शो जीत जाती हैं तो क्या करेंगी?
सबसे पहले तो मैं अपना घर बनवाउंगी। मेरा घर मिट्टी का बना है और बहुत छोटा है। लेकिन ये अभी तक नहीं सोचा कि मैं घर झारखंड में बनवाउंगी या कहीं ओर। अभी तो ये भी नहीं पता कि जीतेंगे या नहीं।

शो में आपको अपना प्रतिस्पर्धी कौन लगता है जो आपको टक्कर दे सकता है?
यहां आने वाले सभी बहुत अच्छे हैं, सभी परफेक्ट हैं, ये कहना वाकई बहुत मुश्किल है कि कौन टक्कर देगा।

फाइनल में आने पर कैसा महसूस हो रहा है?
बहुत खुश हूं। बस भगवान से यही दुआ है कि जीत जाऊं क्योंकि ये हमारा लास्ट चांस है। अगर जीत जाते हैं जो लाइफ एकदम बदल जाएगी।

आपको अपने परिवार से भी उतना ही सपोर्ट मिलता है जितना अपने पति से मिलता है?
मेरे घरवालों को बिल्कुल नहीं पता था कि मैं काम क्या करती हूं। वे लोग पहली बार मुझे टीवी पर देख रहे हैं। मेरी शादी को पांच साल हो गए, वे लोग कभी गांव से बाहर ही नहीं गए।

आपको टीवी पर देखकर घरवालों का रिएक्शन क्या था?
मेरे सास-सुसर दोनों रो रहे थे कि मैं क्या करती हूं, उन्हें इस बात का आइडिया भी नहीं था। साल में एक-दो बार ही घर जाना होता है तो ऐसे में बातचीत बहुत कम करती थी। गांव वाले बहुत खुश हैं कि झारखंड से भी ऐसे लोग निकल सकते हैं।

इंडिया में सर्कस का स्कोप क्यों इतना कम है?
ये तो मुझे नहीं पता। लेकिन मुझे लगता है कि लोग अब सर्कस को ज्यादा पसंद करेंगे।  

तो क्या अब आप ट्रेनिंग स्कूल भी खोलना चाहेंगी?
जरूर। मैं चाहती हूं कि आने वाली पीढ़ी को मैं अपने से भी अच्छा डांस और ये आर्ट सिखाऊं।

और अगर फिल्मों में एक्ट करने का ऑफर आता है तो क्या आप वहां भी अपना हुनर दिखाएंगी?
बिल्कुल। मैं कभी सोच भी नहीं सकती थी कि मैं यहां तक आउंगी और अगर मुझे ऐसा काम भी मिलता है तो ये मेरे लिए सौभाग्य की बात होगी।

इस आर्ट में बहुत मेहनत लगती है और टाइम भी बहुत लगता है। ऐसे में मेरे पास अच्छा काम आएगा तो मैं वाकई अपने आपको खुशनसीब समझूंगी। सर्कस में बहुत पैसा नहीं है लेकिन अगर मेहनत का सही पैसा मिलेगा तो हम लोग और खुशी के साथ काम करेंगे।
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