इन हिंदी फिल्मों के रीमेक में नजर आए पवन कल्याण
- पवन कल्याण की शुरुआती फिल्मों में से एक ‘अक्कड़ा अम्मायी इक्कड़ा अब्बायी’ (1996) थी, जिसे आमिर खान और जूही चावला की फिल्म ‘कयामत से कयामत तक’ (1988) का रीमेक बताया जाता है।
- इसके बाद पवन कल्याण की ‘थम्मुडु’ (1999) आई, जो आमिर खान की फिल्म ‘जो जीता वही सिकंदर’ (1992) से प्रेरित थी।
- साल 2011 में आई ‘तीन मारी’ भी हिंदी फिल्म से जुड़ी थी। यह फिल्म सैफ अली खान और दीपिका पादुकोण की ‘लव आज कल’ (2009) का तेलुगु रीमेक थी।
- पवन कल्याण के करियर की सबसे चर्चित फिल्मों में से एक ‘गब्बर सिंह’ (2012) भी सलमान खान की सुपरहिट फिल्म ‘दबंग’ (2010) का रीमेक थी। फिल्म में पवन का अंदाज दर्शकों को खूब पसंद आया।
- इसके बाद उन्होंने ‘गोपाला गोपाला’ (2015) में काम किया, जो अक्षय कुमार और परेश रावल की फिल्म ‘ओह माय गॉड’ (2012) का रीमेक थी।
- पवन कल्याण की ‘सरदार गब्बर सिंह’ (2016) को भी हिंदी फिल्म ‘दबंग 2’ (2012) से जोड़ा जाता है।
- वहीं, अमिताभ बच्चन की फिल्म ‘पिंक’ (2016) का तेलुगु रीमेक ‘वकील साहब’ (2021) था, जिसमें पवन कल्याण ने मुख्य भूमिका निभाई।
पवन कल्याण की इन फिल्मों के भी बने हिंदी रीमेक
- सिर्फ पवन कल्याण ने हिंदी फिल्मों के रीमेक में काम नहीं किया, बल्कि उनकी कुछ तेलुगु फिल्मों का भी हिंदी में रीमेक बनाया गया।
- उनकी फिल्म ‘गोली प्रेमा’ (1998) का हिंदी रीमेक ‘मुझे कुछ कहना है’ (2001) बनाया गया था, जिसमें तुषार कपूर और करीना कपूर नजर आए थे।
- इसी तरह पवन कल्याण की ‘स्वागताम’ (1998) से प्रेरित होकर हिंदी फिल्म ‘क्या यही प्यार है’ (2002) बनाई गई।
- पवन की फिल्म ‘बद्री’ (2000) का भी हिंदी रीमेक ‘शर्त: द चैलेंज’ (2004) के नाम से बनाया गया था।