मनोज को नहीं हटा सकी पुलिस
बुधवार सुबह मोहन बाबू के घर के बाहर भारी पुलिस बल तैनात किया गया और मनोज को मौके से हटाने के प्रयास किए गए, लेकिन सफलता नहीं मिली। मंगलवार को मनोज ने पुलिस से संपर्क कर अपने भाई विष्णु मांचू पर उनके घर में तोड़फोड़ करने और उनकी कार चोरी करने का आरोप लगाया। उन्होंने दावा किया कि वे 1 अप्रैल को अपने बेटे का जन्मदिन मनाने के लिए जयपुर में थे और उसी समय विष्णु ने 150 लोगों के साथ जलपल्ली में उनके घर में घुसकर तोड़फोड़ की। उन्होंने विष्णु पर उनकी कारों को टो करवाकर सड़क पर छोड़ने का भी आरोप लगाया।
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मनोज का विष्णु पर आरोप
मनोज ने बताया, 'उन्होंने एक कार चुराई और उसे विष्णु के घर पर पार्क कर दिया। उन्होंने मेरे सुरक्षाकर्मियों पर हमला किया। जब मैंने नरसिंगी पुलिस को अपनी गुम हुई कार के बारे में बताया तो वह विष्णु के घर पर मिली।' मनोज मांचू का मोहन बाबू और परिवार के अन्य सदस्यों के साथ संपत्ति विवाद के चलते कई महीनों से झगड़ा चल रहा है। 2023 में विष्णु मांचू और मनोज के बीच कथित तौर पर कहासुनी वाला एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। दिसंबर 2024 में मोहन बाबू ने मनोज के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई, जिसमें कहा गया कि उन्हें अपने बेटे से खतरा महसूस हो रहा है और उन्हें अपनी जान का खतरा है।