फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Puneeth Rajkumar Death Anniversary: उम्दा कलाकार-गायक पुनीत, दुनिया से चले जाने के बाद भी दर्शक हैं कायल

Tue, 29 Oct 2024 09:22 AM IST
पूनम कंडारी एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला

सार

साउथ सिनेमा की कन्नड़ भाषी फिल्मों की जब चर्चा होती है तो पुनीत राजकुमार का नाम जरूर लिया जाता है। आज वह इस दुनिया में नहीं हैं, लेकिन दर्शकों के बीच उनका अभिनय और यादें जिंदा हैं। 
विज्ञापन
पुनीत राजकुमार - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

दक्षिण भारत में फिल्म प्रेमियों के बीच कलाकारों को लेकर अलग ही दीवानगी नजर आती है। कन्नड़ फिल्मों के सुपरस्टार पुनीत राजकुमार के लिए भी दर्शकों के मन में अलग ही किस्म का लगाव रहा। यह लगाव उनके जाने के बाद भी कायम है। आज (29 अक्टूबर 2021) पुनीत राजकुमार की पुण्यतिथि है। इस मौके पर उनके अभिनय के सफर और कुछ जानी-अनजानी बातों पर एक नजर।

विज्ञापन
Trending Videos

बाल कलाकार के रूप में पुनीत - फोटो : सोशल मीडिया
बाल कलाकार बनकर की शुरुआत 
पुनीत राजकुमार का संबंध एक फिल्मी परिवार से रहा, उनके पिता कन्नड़ फिल्मों का बड़ा नाम रहे। पुनीत के भाई भी अभिनय में ही सक्रिय हैं। पुनीत ने बाल कलाकार के तौर पर अपने अभिनय करियर की शुरुआत की। वह कई कन्नड़ फिल्मों में बाल कलाकार के तौर पर नजर आए। बाल पुनीत ने अपने अभिनय से कन्नड़ फिल्मों के दर्शकों को अपना कायल बना दिया। यहां तक कि 'बेट्टाडा हूवु' फिल्म के लिए उन्हें सर्वश्रेष्ठ बाल कलाकार (33वां राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार) का पुरस्कार भी मिला। यह उनके शुरुआती अभिनय करियर की बड़ी उपलब्धि रही। 

पुनीत राजकुमार - फोटो : इंस्टाग्राम-@puneet_rajkumar_official
फैंस ने दिया पावर स्टार का नाम 
आगे चलकर पुनीत ने बतौर हीरो फिल्मों में काम करना शुरू किया। 2002 में 'अप्पू' नाम की फिल्म उनके युवा फिल्मी करियर की पहली फिल्म रही। इस फिल्म के कारण ही दर्शक उन्हें प्यार से अप्पू भी कहने लगे। इसके बाद तो पुनीत ने कई हिट फिल्में दीं। मीडिया और फैंस उन्हें कन्नड़ फिल्मों का पावर स्टार मानने लगे। पुनीत ने खुद का प्रोडक्शन हाउस भी खोला और कई फिल्में बनाईं। उनके प्रोडक्शन की फिल्में जहां दर्शकों का मनोरंजन करतीं, साथ ही सोशल मैसेज भी देतीं। 

अभिनय के साथ बतौर गायक भी हुए सफल 
पुनीत राजकुमार बहुमुखी प्रतिभा के धनी रहे। अभिनय में वह एक मंझे हुए कलाकार थे, साथ ही गायक के तौर पर भी उन्होंने कई सुपरहिट गाने गाए। वह अपनी फिल्मों में एक गाना जरूर गाते। फैंस भी उनकी एक्टिंग के साथ उनके गाए गीतों के कायल हो जाते। 

अपना सामाजिक दायित्व भी निभाया 
पुनीत राजकुमार ने एक कलाकार होने का सामाजिक दायित्व भी बखूबी निभाया। अपनी मां के साथ मिलकर वह काफी सोशल वर्क करते रहे। साथ ही उन्होंने मैसूर में एक आश्रम भी खोला, इसके माध्यम से असहाय लोगों की मदद की जाती। कोविड काल में भी उन्होंने लोगों के बीच जागरुकता फैलाने का काम किया। वह मुश्किल में फंसे लोगों की आर्थिक रूप से भी बहुत मदद किया करते। इस कारण फैंस के बीच उनकी छवि एक अच्छे अभिनेता के साथ-साथ एक बेहतरीन इंसान की भी बन गई। 
विज्ञापन

पुनीत राजकुमार का श्रंद्धाजलि स्थल - फोटो : सोशल मीडिया
निधन पर उमड़ आया फैंस का सैलाब 
चार वर्ष पहले हृदयाघात के कारण पुनीत का निधन हो गया। यह खबर उनके फैंस का दिल तोड़ने वाली रही। फैंस, पुनीत की आखिर झलक देखने को सड़कों पर उमड़ आए। इस कारण कर्नाटक में धारा 144 तक लगानी पड़ गई। लोग आखिर बार उन्हें देख सकें, इसके लिए उनका शव दो दिन के लिए एक स्टेडिम में रखा गया। इन दो दिनों में लगभग 30 लाख लोग पुनीत की आखिर झलक देखने के लिए आए और उन्हें श्रंद्धाजलि दी। आज भी कन्नड़ फिल्म इंडस्ट्री को अपने इस चमकते सितारे की कमी खलती है, ऐसा लगता है कि कन्नड़ फिल्म जगत उनके बिना अधूरा सा है। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें