शेखर को लगा वह कभी नहीं गा पाएंगे
शेखर और विशाल ददलानी की जोड़ी काफी मशहूर है। इस जोड़ी ने कई हिट गाने दिए हैं। उन्होंने इंस्टाग्राम पर पोस्ट साझा करते हुए लिखा, "यह कुछ ऐसा है जिसके बारे में मैंने पहले कभी नहीं कहा...आज इसे शेयर करने का मन कर रहा है। मैंने दो साल पहले अपनी आवाज खो दी थी। लेफ्ट वोकल कॉर्ड पैरेसिस - यह डॉ. नुपुर नेरुरकर का विशेषज्ञ निदान था। मैं बर्बाद हो गया था। ईमानदारी से कहूं तो मैं निराशावादी था...मुझे लगता था कि मैं फिर कभी नहीं गा पाऊंगा।"
Amaran Box Office Collection Day 19: तीसरे सोमवार को टूटी ‘अमरण’ की सांसे, क्या छू पाएगी 200 करोड़ का आंकड़ा?
इलाज के लिए गए विदेश
गायक ने आगे कहा, "मेरा परिवार चिंतित था और मैं उन्हें तनावग्रस्त देखकर खुश नहीं था। मैंने बस और अधिक प्रार्थना की। मैंने काम करना बंद नहीं किया। कोशिश करता रहा, आगे बढ़ता रहा। इस बीच, मुझे कुछ हफ्तों के लिए सैन डिएगो जाना पड़ा। सैन डिएगो में मेरी मुलाकात जेरेमी से हुई। उन्होंने मुझे डॉ. एरिन वॉल्श से मिलवाया। उनके दृढ़ संकल्प, समर्पण और उनकी सकारात्मकता से कुछ ही हफ्तों में सामान्य हो गया।”
अब बिल्कुल ठीक हैं गायक
शेखर ने कहा, "हर बार जब मैं रोता था, तो मैं कर्कश आवाज करता था और अपनी आवाज की आवाज से नफरत करने लगता था, लेकिन, वह दृढ़ निश्चयी थीं और मेरी आवाज और आत्मा पर काम करती रहीं। उनके दृढ़ संकल्प, समर्पण और उनकी सकारात्मकता ने कुछ हफ्तों में मेरे लकवाग्रस्त बाएं वोकल कॉर्ड को सामान्य कर दिया।" शेखर ने कहा कि वह अब 'बिल्कुल ठीक' हैं और वह पहले से भी बेहतर गा सकते हैं। बता दें कि शेखर ने ‘ओम शांति ओम’, ‘स्टूडेंट ऑफ द ईयर’, ‘चेन्नई एक्सप्रेस’, ‘वॉर’, ‘पठान’ और कई अन्य फिल्मों के लिए ब्लॉकबस्टर साउंडट्रैक दिए हैं।
55th IFFI: डिज्नी की फिल्म ‘मोआना 2’ का गोवा में होगा गाला प्रीमियर, 55वें इफ्फी गोवा की तैयारियां पूरी