आज के समय में कृत्रिम मेधा का उपयोग हर क्षेत्र में बहुत तेजी के साथ बढ़ता जा रहा है। बीते कुछ समय में रचनात्मक कामों में भी इसकी दखलअंदाजी काफी बढ़ी है। चैट जीपीटी जैसे कृत्रिम मेधा पर आधारित तकनीकों का प्रयोग रचनात्मक क्षेत्रों में भी होने लगा है। इसके बढ़ते प्रभाव के साथ ही यह बात भी काफी तेजी से फैलती जा रही है कि भविष्य में इससे नौकरियां खतरे में पड़ जाएंगी। ऐसे में नेटफ्लिक्स के सह-सीईओ टेड सारंडोस ने इस दावे से इनकार किया है कि इससे हॉलीवुड की रचनात्मक नौकरियों को खतरा है।
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कृत्रिम मेधा से रचनात्मक कार्यों में होगी बढ़ोतरी- सारंडोस
तकनीक के उन्नति को अक्सर दो धारी तलवार के रूप में देखा जाता है। इसके जहां कई फायदे हैं तो कुछ नुकसान भी देखने को मिल जाते हैं। ऐसे में एक इंटरव्यू के दौरान, सारंडोस ने कृत्रिम मेधा की वजह से नौकरी खत्म हो जाने के दावों पर बात की है। उन्होंने उन सभी आशंकाओं को नकार दिया, जिनमें बताया जा रहा था कि इसकी वजह से नौकरियां खत्म हो जाएंगी। इसके उलट उन्होंने कहा कि तकनीक में प्रगति होने से रचनात्मक कार्यों में भी बढ़ोतरी देखने को मिलेगी।
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कृत्रिम मेधा की बेहतर समझ रखने वाला छीन सकता है नौकरी
अपनी बात रखते हुए सारंडोस ने कहा कि उन्हें इंसानों पर और अधिक भरोसा है। उन्होंने कहा, "मैं सच में विश्वास करता हूं। मैं नहीं मान सकता कि कृत्रिम मेधा एक महान लेखक की तुलना में बेहतर पटकथा लिख सकता है, या एक महान अभिनेता के अभिनय को रिप्लेस कर सकता है, या हम उनमें अंतर नहीं बता पाएंगे"। उन्होंने आगे कहा,"कृत्रिम मेधा आपकी नौकरी नहीं छीन सकता, लेकिन वह व्यक्ति जो आपसे बेहतर कृत्रिम मेधा की समझ रखता है, वो आपकी नौकरी छीन सकता है"।
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असंभव चीजों को पर्दे पर उतारना होगा संभव
सारंडोस ने कृत्रिम मेधा को रचनात्मक क्षेत्र में होने वाली एक स्वाभाविक उन्नति बताया। उन्होंने कहा कि कृत्रिम मेधा रचनात्मक क्षेत्र में होने वाली एक स्वाभाविक प्रगति है। इसमें आगे जोड़ते हुए सारंडोस ने कहा,"वॉल्यूम स्टेज ने ऑन-लोकेशन शूटिंग को रिप्लेस नहीं किया। लेखक, निर्देशक, संपादक कृत्रिम मेधा का उपयोग अपने काम को और बेहतर , और अधिक कुशलतापूर्वक तथा अधिक प्रभावी ढंग से करने के लिए एक उपकरण के रूप में करेंगे। सबसे बेहतर मामले में इससे उन चीजों को भी पर्दे पर लाने में मदद मिलेगी, जिन्हें करना असंभव होगा।"
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मनोरंजन में तकनीकी उन्नति से हुआ है फायदा
अपनी बात में वजन लाने के लिए उन्होंने एनिमेशन को एक बेहतरीन उदाहरण के रूप में पेश किया। उन्होंने कहा कि हाथ से तैयार किए गए एनिमेशन से लेकर कंप्यूटर से बनाए एनिमेशन तक हुई उन्नति की वजह से अब एनिमेशन में और अधिक लोग कार्यरत हैं। सारंडोस ने मौजूदा दौर में ओटीटी के माध्यम से घर में फिल्में देखने को लेकर कहा,"याद कीजिए कैसे हर किसी ने घर में वीडियो देखने का विरोध किया था। कई दशकों तक स्टूडियोज फिल्मों को टीवी पर दिखाने की अनुमति नहीं देते थे। मनोरंजन में जितनी बार भी तरक्की हुई है, उसके लिए संघर्ष करना पड़ा है और इससे आखिरकार कारोबार में बढ़ोतरी ही हुई है"।
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एचबीओ से तुलना करने का है अफसोस
इस इंटरव्यू में,सारंडोस ने यह भी कहा कि 'बार्बी' और 'ओपेनहाइमर' नेटफ्लिक्स प्लेटफॉर्म पर भी उतने ही सफल होते। इसके साथ ही उन्होंने स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म के शुरुआती दिनों में नेटफ्लिक्स की तुलना एचबीओ से करने पर अफसोस भी जाहिर किया।
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