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Mark Antony Review: ‘लोकी’ सा आइडिया, कॉमिक बुक सा कौतुहल, समझिए ‘मार्क एंथनी’ की आखिर क्यों है इतनी हलचल

Fri, 29 Sep 2023 08:49 PM IST
साक्षी पांडेय अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
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मार्क एंथनी - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
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Movie Review
मार्क एंथनी
कलाकार
विशाल , एस जे सूर्या , सुनील , के सेल्वाराघवन , रितु वर्मा और एमजी अभिनय
लेखक
अधिक रविचंद्रन , एस जे अर्जुन और आर सावरी मुथु
निर्देशक
अधिक रविचंद्रन
निर्माता
एस विनोद कुमार
रिलीज
28 सितंबर 2023
रेटिंग
3/5

तमिल सिनेमा के स्टार विशाल की फिल्म 'मार्क एंथनी' अब हिंदी सिनेमा के दर्शकों के बीच रिलीज हो चुकी है।  फिल्म के रिलीज होते ही फिल्म को सेंसर सर्टिफिकेट दिए जाने के एवज में कथित रूप से लाखों रुपये मांगे जाने के मामले ने तूल पकड़ लिया। तमिल में यह फिल्म 15 सितंबर को रिलीज हुई और वहां पर फिल्म को मिली जबर्दस्त सफलता को देखते हुए अब इसे हिंदी में डब करके रिलीज कर कर दिया गया। फिल्म टाइम ट्रेवल, साइंस फिक्शन और फंतासी फिल्म के रूप में शुरू होती है और फिर धीरे-धीरे एक गैंगस्टर ड्रामा बनने के लिए रंग बदलती है और अंत में एक रिवेंज थ्रिलर बनकर रह जाती है।  

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मार्क एंथनी - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
फिल्म 'मार्क एंथनी' की शुरुआत  1970 के दशक  दो गैंगस्टर एंथनी और जैकी मार्तण्ड  से शुरू होती है। एंथनी और जैकी मार्तण्ड  करीबी दोस्त हैं। एक दिन एंथनी और जैकी मार्तण्ड का गैंगस्टर एकम्बरम से डांस बार मे झगड़ा होता है और वह एंथनी की हत्या करके शहर से भाग जाता है। जैकी मार्तण्ड अपने दोस्त की मौत का बदला लेने का फैसला करता है और एंथनी के बेटे मार्क की देखभाल कर उसे एक अच्छा मैकेनिक बनाता है। वह मार्क को अपने बेटे मदन से बढ़कर मानता है। इसी बीच कहानी में सबसे बड़ा ट्विस्ट तब आता है जब उसको एक फोन मिलता है यह कोई मामूली फोन नहीं होता इस फोन के जरिये अतीत के लोगों से बात की जा सकती है। बस यहीं से फिल्म की कहानी गोल गोल घूमने लगती है।
 

मार्क एंथनी - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

गैंगस्टर विषय पर बहुत सारी फिल्में आ चुकी है लेकिन जब इस कहानी में  टाइम ट्रैवल सीक्वेंस आता है, तो कहानी थोड़ी सी दिलचस्प लगने लगती है। हालांकि टाइम ट्रैवल के विषय पर बहुत सारी फिल्में बन चुकी हैं, उन फिल्मों के लिहाज से देखा जाए तो फिल्म थोड़ी सी अविश्वसनीय सी लगने लगती है। और, फिल्म एक मोड़ पर आकर थोड़ी सी बोर लगने लगती है। फॉर्मूला कुछ कुछ लोकी जैसा लगता तो है लेकिन वैसी फिनिश इसमें नहीं है। वजह? जितने भी मसाला फार्मूले हैं उन सबका इस फिल्म में इस्तेमाल। इस सबके बावजूद, यह पूरी तरह से कॉमेडी और एक्शन से भरपूर फैमिली एंटरटेनर फिल्म है। 

मार्क एंथनी - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
फिल्म में विशाल और एस जे सूर्या ने दोहरी भूमिका निभाई है। दोनों इस फिल्म में बाप बेटे की भूमिका में नजर आए हैं। विशाल ने अपने दोनों किरदारों पर आखिर तक अच्छी पकड़ रखी है। उनके लुक से लेकर बोलने का अंदाज तक मार्क और एंथनी को स्क्रीन पर जीवंत करता है। वह अपने मजाकिया अंदाज में दर्शकों को पेट पकड़कर हंसने पर मजबूर कर देते है। एसजे सूर्या ने भी जैकी और मदन के किरदार में जान फूंकते हुए यह साबित कर दिया कि वह किसी भी स्थिति में अपने आप को किरदार के हिसाब से ढाल सकते है। सेल्वाराघवन ने उस वैज्ञानिक चिरंजीवी का किरदार निभाया है जो टाइम ट्रैवल टेलीफोन का आविष्कारक है।

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मार्क एंथनी - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

डबिंग इस फिल्म की भी वैसी ही है जैसी अधिकतर साउथ फिल्मों की होती रही है। ये फिल्में दरअसल टेलीविजन के उन दर्शकों के लिए इस तरह डब होती हैं जिन्हें तकनीक में कम और तमाशे में ज्यादा मजा आता है। लो एंगल कैमरा के शॉट, मर्दाना गबरू हीरो, आंखें चौंधिया देने वाली सिनेमैटोग्राफी, दिमाग चकरा देने वाला एक्शन और संगीत ऐसा कि जो समझ में आए न आए लेकिन मन जरूर चकरा दे। बस फिल्म ‘मार्क एंथनी’ इसी कसौटी पर कसी गई फिल्म है। मसाला फिल्म है। अगर टीवी और यूट्यूब पर आप हिंदी में डब साउथ फिल्मों का मजा लेते रहे हैं, तो ये आपके लिए परफेक्ट एंटरटेनर है।

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