मराठी एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री से एक दुख भरी खबर सामने आई है। मशहूर अभिनेत्री मधु कांबिकर का निधन हो गया है। वह 73 साल की थीं। उनका निधन पुणे में हुआ। अभिनेत्री पिछले कई वर्षों से बीमारी से जूझ रही थीं। आखिरकार आज उनका निधन हो गया है। उनके निधन से मराठी सिनेमा के कलाकार दुखी हैं।
मधु कांबिकर का निधन
मधु कांबिकर का जन्म 28 जुलाई, 1953 को बीड जिले में हुआ था। उनके करियर की शुरुआत स्टेज शो से हुई थी। शो के बाद उन्होंने सिल्वर स्क्रीन पर कदम रखा। उन्होंने फिल्मों, लोक नाटक, कमर्शियल थिएटर और टेलीविजन सीरियल में अहम रोल निभाए हैं। जाने-माने निर्देशक राजदत्त की फिल्म 'शापित' में मधु कांबिकर की अदाकारी को खास पहचान मिली थी। वह 'हेच माझा माहेर', 'रघुमैना', 'एक होता विदूषक', 'झपटलेला', 'देबू' और 'येऊ का घरात' जैसी फिल्मों में नजर आईं।
मधु कांबिकार
- फोटो : सोशल मीडिया
अभिनेत्री को हुआ ब्रेन स्ट्रोक
फिल्मों में शानदार करियर बनाने के बाद अभिनेत्री जिंदगी में एक ऐसा समय भी आया, जब वह बीमार हो गईं। ब्रेन स्ट्रोक के बाद उनकी सेहत और बिगड़ गई। इससे उनकी पूरी जिंदगी बदल गई।
नवंबर, 2016 को मधु एक स्टेज परफॉर्मेंस करने वाली थीं। डांस करते हुए अचानक उनकी तबीयत खराब हो गई। मगर उन्होंने डांस करना बंद नहीं किया। परफॉर्मेंस पूरा करने के बाद वह मेकअप रूम में आईं। यहां उन्हें ब्रेन स्ट्रोक आया। इसके बाद उनका दाहिना हाथ सुन्न हो गया।
मधु कांबिकार
- फोटो : सोशल मीडिया
अभिनय से बनानी पड़ी दूरी
बीमारी की वजह से मधु कांबिकर को अभिनय से दूरी बनानी पड़ी। 2018 में उन्हें जी चित्र गौरव अवॉर्ड्स सेरेमनी में लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड से सम्मानित किया गया था। अपनी खराब सेहत की वजह से वह अवॉर्ड लेने के लिए सेरेमनी में नहीं आ सकीं। मधु कांबिकर की तरफ से उनकी बहू शीतल जाधव ने अवॉर्ड लिया।