इस बारे में निर्देशक विधु विनोद चोपड़ा कहते हैं, “30 साल पहले बनी परिंदा को आज देखकर ये अंदाजा लगाना भी मुश्किल होता है कि कैसे हमने ये सब तब शूट किया होगा। अब तो तकनीक के विकास के साथ फिल्म बनाना काफी आसान हो गया है। लेकिन 30 साल पहले? वह भी बहुत ही कम बजट के साथ इस फिल्म की टीम ने जो कुछ परदे पर कर दिखाया वह नामुमकिन जैसा ही है। फिल्म के एक्शन सीन्स और बाकी सीन्स भी बहुत शानदार तरीके से फिल्माने में हमने कामयाबी हासिल की। फिल्म की रिलीज को 30 साल पूरे हो रहे हैं तो वह सारी मेहनत और टीम का समर्पण सबकुछ मुझे याद आ रहा है।”