शिल्पा शेट्टी के पति और बिजनेसमैन राज कुंद्रा
- फोटो : एक्स (ट्विटर)
राज कुंद्रा के वकील ने कोर्ट में क्या दलील दी?
स्पेशल कोर्ट (PMLA) के जज आर बी रोटे ने जनवरी माह में इस मामले में एनफोर्समेंट डायरेक्टरेट द्वारा दायर चार्जशीट पर संज्ञान लिया था। इसके बाद राज कुंद्रा को समन जारी किया था। राज कुंद्रा कोर्ट में पेश हुए और बेल की अर्जी दी, जिसे कोर्ट ने मान लिया।
राज कुंद्रा के वकील प्रशांत पाटिल ने कहा कि उनके क्लाइंट ने 2021 से ईडी की जांच में पूरा सहयोग किया है। वकील ने कहा कि इस मामले से जुड़े सभी डॉक्यूमेंट्स पहले से ही जांच एजेंसी के पास थे। ऐसे में राजकुंद्रा को कस्टडी में रखने की जरूरत नहीं थी।
ईडी ने राजकुंद्रा पर लगाए गंभीर आरोप
केंद्रीय जांच एजेंसी ने आरोप लगाया है कि राज कुंद्रा ने यूक्रेन में बिटकॉइन माइनिंग फर्म बनाने के लिए गेन बिटकॉइन पोंजी स्कैम के कथित मास्टरमाइंड अमित भारद्वाज से 285 बिटकॉइन लिए थे। ईडी ने दावा किया कि डील पूरी नहीं हुई। ऐसे में राज कुंद्रा के पास अभी भी 285 बिटकॉइन हैं, जिनकी कीमत अभी 150 करोड़ रुपये से ज्यादा है।
चार्जशीट के मुताबिक राज कुंद्रा ने दावा किया कि उन्होंने सिर्फ एक मीडिएटर के तौर पर काम किया। जबकि उनके और अमित भारद्वाज के पिता महेंद्र भारद्वाज के बीच टर्म शीट नाम का एक एग्रीमेंट साइन किया गया था, इसलिए राज कुंद्रा का सिर्फ एक मीडिएटर होने का दावा सही नहीं था।
ईडी ने कहा कि राज कुंद्रा को ट्रांजैक्शन के सात साल बाद पांच खास हिस्सों में मिले बिटकॉइन की सही संख्या याद है। इससे पता चलता है कि वह असल में एक बेनिफिशियल ओनर के तौर पर बिटकॉइन पाने वाले थे, न कि सिर्फ उन्होंने एक मीडिएटर के तौर पर काम किया था।
शिल्पा शेट्टी के पति और बिजनेसमैन राज कुंद्रा
- फोटो : सोशल मीडिया
सबूत मिटाने की कोशिश की गई
ईडी का यह भी कहना है कि 2018 से कई मौके मिलने के बावजूद राज कुंद्रा उन वॉलेट एड्रेस को बताने में नाकाम रहे, जहां 285 बिटकॉइन ट्रांसफर किए गए थे। जबकि राज का कहना था कि उनका आईफोन एक्स खराब हुआ, इसमें बिटकॉइन की जानकारी उपलब्ध थी। लेकिन ईडी का कहना है कि राज कुंद्रा ने सबूत मिटाने की कोशिश थी।