संजय लीला भंसाली की फिल्म 'राम-लीला' को सेंसर बोर्ड ने भले ही यूए सर्टिफिकेट दिया है, लेकिन उनसे फिल्म के किसी हिस्से को कट करने को नहीं कहा गया है।
सेंसर बोर्ड ने न केवल उनके द्वारा फिल्माया गया हर सीन पास किया है, बल्कि विभिन्न किरदारों के मुंह से निकली गालियों को भी स्वीकृत किया है।
बता दें कि भंसाली की यह पहली फिल्म है, जिसमें गाली और गन का भरपूर इस्तेमाल हुआ है। उनकी पिछली फिल्मों 'खामोशी द म्यूजिकल', 'हम दिल दे चुके सनम', 'देवदास', 'सांवरिया' और 'गुजारिश' साफ सुथरी फिल्में थीं।
इसी वजह से इन फिल्मों को यू सर्टिफिकेट दिया गया था। पहली बार भंसाली ने शेक्सपियर की कृति रोमियो जूलियट पर आधारित फिल्म बनाई है, इसलिए कहानी के हिसाब से इसमें वातावरण तैयार किया गया है।
संजय का अपनी इस फिल्म के बारे में कहना है कि दर्शक बदल गए हैं, इसलिए किरदारों का बर्ताव भी बदलेगा। इसमें आश्चर्य करनेवाली कोई बात नहीं है।