परिवार ने दी फाउंडेशन की जानकारी
ट्वीट में इस फाउंडेशन से जुड़ी जानकारी लोगों के साथ साझा की गई है। ट्वीट में लिखा है, 'स्वर मौली भारत की कोकिला लता मंगेशकर का एक ड्रीम प्रोजेक्ट है। संगीत और परफॉर्मिंग आर्ट, सिनेमा और रंगमंच के क्षेत्र के लोगों की इस फाउंडेशन के जरिए मदद की जाएगी। इस फाउंडेशन का मुख्य लक्ष्य वृद्धाश्रम का निर्माण करना है। यह मुख्य रूप से उन कलाकारों के लिए है जिनकी उम्र ज्यादा हो चुकी है। स्वर मौली फाउंडेशन एक धर्मनिरपेक्ष और गैर-लाभकारी संगठन है।'
परिवार ने कही ये बात
इस फाउंडेशन की शुरुआत करने वाले उनके परिवार ने एक बयान में कहा, ‘स्वर मौली फाउंडेशन वृद्धाश्रम बनाकर ऐसे कलाकारों की मदद के लिए आगे आना चाहता है जो काफी ज्यादा उम्र के हो चुके हैं और उन्हें मदद की जरूरत है। ऐसे बुजुर्ग कलाकारों की मदद करना लता दीदी का सपना था जिन्हें या तो उनके बच्चों ने बेसहारा छोड़ दिया है या जो आर्थिक रूप से असहाय हैं।’
ये है फाउंडेशन का मुख्य उद्देश्य
इस फाउंडेशन की ऑफिशियल वेबसाइट पर इसके मुख्य उद्देश्य की जानकारी दी गई है। वेबसाइट के मुताबिक, लता मंगेशकर ने अपने जीवनकाल में कहा था कि किसी भी वृद्ध को उम्र में आखिरी पड़ाव में लाचार नहीं छोड़ा जाना चाहिए। वेबसाइट पर इस फाउंडेशन के को- फाउंडर में लता मंगेशकर, उनकी छोटी बहन उषा मंगेशकर, उनकी भतीजी रचना शाह और संगीतकार मयूरेश पई के नाम लिखे हैं। बॉलीवुड के मशहूर सिंगर सोनू निगम और फिल्ममेकर मधुर भंडारकर इसके पांच सदस्यीय सलाहकार समिति के सदस्य हैं।