फिल्म एंड टेलीविजन इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (पुणे) के प्रिव्यू थियेटर का नाम बदलकर दिवंगत पटकथा लेखक मनोहर श्याम जोशी के नाम पर रखा जाएगा। (FTII) द्वारा जारी एक बयान के अनुसार इसमें जोशी के परिवार के लोग शामिल होंगे।
यह प्रिव्यू थियेटर लॉ कॉलेज के कैंपस में है जहां छात्र अपने डिप्लोमा फिल्मों की स्क्रीनिंग करते हैं। एफटीआईआई ने एक बयान में कहा कि उन्होंने थिएटर का नाम बदलने का फैसला किया। मनोहर श्याम जोशी द्वारा टेलीविजन के लिए पटकथा लेखन में योगदान के लिए हम उन्हें इस माध्यम से श्रद्धांजलि दे रहे हैं।
जो लोग 80 और 90 के दशक में दूरदर्शन पर आने वाले टीवी धारावाहिकों के प्रेमी रहे हैं, उनकी आंखों के सामने ‘हमलोग’, ‘बुनियाद’, ‘मुंगेरीलाल के हसीन सपने’ जैसे धारावाहिक आ जाते हैं। यह सब मनोहर श्याम जोशी की देन ही है।
मनोहर श्याम जोशी को टीवी धारावाहिक लेखन का पुरोधा भी कहा जाता है। इस धारावाहिकों में बतौर लेखक मनोहर श्याम जोशी को खूब पसंद किया गया। हमारे देश में सोप ऑपरा लिखने वाले वे पहले लेखक थे।
मनोहर श्याम जोशी का पहला उपन्यास ‘कुरु कुरु स्वाहा’ था। यह उपन्यास 1980 में प्रकाशित हुई थी। इसके बाद इन्होंने कसप, हरिया हरक्यूलिस की हैरानी, हमजाद, ट-टा प्रोफेसर, क्याप और कौन हूं मैं जैसे उपन्यासों की रचना की।