दिल्ली हाईकोर्ट ने सुशांत के पिता के आवेदन को किया खारिज
न्यायमूर्ति सी हरि शंकर ने सुशांत के पिता कृष्ण किशोर सिंह के उस आवेदन को खारिज कर दिया है, जिसमें दावा किया गया था कि फिल्म में मानहानिकारक बयान और समाचार लेख शामिल हैं, और यह सुशांत सिंह राजपूत (एसएसआर) से जुड़े व्यक्तित्व अधिकारों का उल्लंघन करता है। इसे जून 2021 में एक ओटीटी प्लेटफॉर्म पर रिलीज किया गया था।
अभिनेता की मौत के बात उनके अधिकार भी हुए खत्म: दिल्ली हाईकोर्ट
सुशांत के पिता कृष्ण किशोर सिंह बनाम सरला ए साराओगी और अन्य के नाम दर्ज इस मामले में जस्टिस सी हरिशंकर ने कोई भी निशेषाज्ञा देने से इनकार करते हुए कहा कि व्यक्तित्व अधिकारों (पर्सनैलिटी राइट्स) के साथ-साथ गोपनीयता और प्रचार (प्राइवेसी और पब्लिसिटी राइट्स) के अधिकार भी सुशांत की मौत के साथ समाप्त हो गए। किसी की मौत के बाद ये अधिकार उनके संबंधी (पिता) को विरासत में नहीं दिए जा सकते हैं।
'मीडिया में मौजूद रिपोर्ट्स से ली गई जानकारी से मूवी बनाना गलत नहीं'
कोर्ट ने यह भी कहा कि फिल्म के लिए जो जानकारियां जुटाई गई हैं, वो पहले से ही सार्वजनिक थीं। जानकारी पूरी तरह से मीडिया में पहले से मौजूद रिपोर्ट्स से ली गई है। इन रिपोर्ट्स के आधार पर फिल्म बनाने में कोई गलत बात नहीं है। इसके आधार पर फिल्म बनाने के लिए किसी से सहमति लेने की भी कोई जरूरत नहीं जान पड़ती है। कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि फिल्म ओटीटी प्लेटफार्म पहले ही रिलीज की जा चुकी है। काफी लोग फिल्म को देख चुके हैं। ऐसे में इस पर रोक लगाने का कोई औचित्य नहीं बनता।
यह भी पढ़ें: 'मुझे धक्का दिया और..', एलेक्सा निकोलस ने जोनाह हिल पर लगाया जबर्दस्ती किस करने का आरोप