अभिनेता आयुष्मान खुराना घूमने-फिरने के खूब शौकीन हैं। इस मामले में उनकी पत्नी और राइटर-डायरेक्टर ताहिरा कश्यप उनसे भी चार कदम आगे हैं। ताहिरा और आयुष्मान सिर्फ काम से ब्रेक लेने के लिए ट्रैवल नहीं करते, बल्कि इसका महत्व उनके लिए इससे कहीं ज्यादा है। यही वजह है कि अपनी व्यस्त दिनचर्या में वह किसी तरह मैनेज करके घूमने-फिरने के लिए वक्त निकालते हैं और अपने दोनों बच्चों के साथ निकल पड़ते हैं। ताहिरा और आयुष्मान ट्रैवलिंग को अपने लिए आजादी के तौर पर देखते हैं, जो उन्हें सशक्त बनाती है। हाल ही में ताहिरा ने ट्रैवलिंग को लेकर कई दिलचस्प बातें साझा कीं।
एक इंटरव्यू के दौरान ताहिरा ने बीते वर्ष अपनी एम्स्टर्डम और पेरिस की यात्रा का जिक्र करते हुए कहा, 'ट्रैवल हमारे लिए बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि इससे हमें जीवन के नए अनुभव मिलते हैं। मैं ऐसी जिंदगी नहीं चाहती, जहां दूसरों के अनुभवों के प्रति सहानुभूति न रख सकूं। इस समझ के लिए ट्रैवलिंग से बेहतर भला क्या हो सकता है? यह आपका दिल बड़ा रखती है।' ताहिरा ने कहा, 'यात्राएं आपको दयालु और समझदार बनाती हैं। आप दूसरों की संस्कृति से रूबरू होते हैं। पढ़ने की आदत से भी यह लाभ होते हैं। यात्रा और रीडिंग, यह दोनों चीजें मुझे बेहतर राइटर बनने में मदद करती हैं।'
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अपने आसपास की चीजों को एक्सप्लोर करने को लेकर ताहिरा ने कहा, 'हमें ट्रैवल करना हमेशा पसंद है। महामारी का दौर हर किसी की तरह हमारे लिए भी बेहद मुश्किल रहा। इसलिए, हमने उस दौरान यह तय किया कि काम पर वापस जाने से पहले हम किसी भी तरह ट्रैवलिंग के लिए वक्त निकालें। भले ही काम के सिलसिले में हम जगह-जगह जाते हैं, लेकिन बिना किसी एजेंडे के ट्रैवलिंग का अलग ही मजा है।'
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ताहिरा कश्यप ट्रैवलिंग के दौरान पैदल चलना खूब पसंद करती हैं। उनका कहना है, 'मैं खूब आईसक्रीम और सलाद खाती हूं। इसके बाद टहलना पसंद करती हूं। नई जगहों को एक्सप्लोर करने का सबसे शानदार तरीका है कि आप पैदल चलते हुए देखें। ट्रैवलिंग के दौरान हमें अजनबियों से मिलने का मौका मिलता है। खुशियों का आदान-प्रदान होता है। सबसे बड़ी बात सुकून मिलता है।'
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