NEET PG पर्सेंटाइल की गणना कैसे की जाएगी?
एम्स प्रवेश परीक्षा के कई शिफ्टों के नियम के अनुसार, "आवेदकों को अनियमित रुप से अलग-अलग ग्रुप्स में इस प्रकार बांटा जाएगा कि ये ग्रुप्स संख्या में लगभग बराबर हों। इससे यह सुनिश्चित होगा कि परीक्षा देने वाले उम्मीदवारों के वितरण में कोई पक्षपात न हो। इसके अलावा, पूरे देश में बड़ी संख्या में फैले परीक्षार्थियों के साथ पक्षपात की ऐसी संभावना दूर हो जाती है।"
नियम के अनुसार, प्रत्येक पाली के लिए नीट पीजी परीक्षा परिणाम प्रत्येक विषय के लिए अलग-अलग रॉ स्कोर्स, पर्सेंटेज और पर्सेंटाइल्स (7 दशमलव स्थानों तक) के रूप में तैयार किए जाएंगे। कुल का प्रतिशत व्यक्तिगत विषयों के प्रतिशत का योग या औसत नहीं होगा।
यानी, पर्सेटाइल स्कोर परीक्षा में शामिल होने वाले सभी उम्मीदवारों का सापेक्ष प्रदर्शन है। उनके द्वारा प्राप्त अंकों को परीक्षार्थियों के प्रत्येक समूह (शिफ्ट) के लिए 100 से 0 तक के पैमाने में बदल दिया जाता है। इसलिए, नीट पर्सेंटाइल स्कोर उन उम्मीदवारों के प्रतिशत को इंगित करेगा जिन्होंने परीक्षा में विशेष पर्सेंटाइल के बराबर या उससे कम अंक प्राप्त किए हैं। इस प्रकार प्रत्येक शिफ्ट में टॉप करने वाले को 100 पर्सेटाइल मिलेगा।