देश के सबसे पुराने पेशेवर संस्थानों में से एक, इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (ICAI) की स्थापना के उपलक्ष्य में हर साल 1 जुलाई को सीए दिवस मनाया जाता है। भारत की संसद द्वारा 1949 में स्थापित, आईसीएआई दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा लेखा और वैधानिक निकाय है। वहीं भारत का राष्ट्रीय पेशेवर लेखा निकाय है। गौरतलब है कि दुनिया भर में आईसीएआई और चार्टर्ड अकाउंटेंट के लगभग 2.5 लाख सदस्यों को सम्मानित करने के लिए प्रतिवर्ष सीए दिवस मनाया जाता है। विश्व सीए दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने देश के सभी सीए को बधाई दी है।
ब्रिटिश शासन के दौरान, सभी संस्थान कंपनी अधिनियम के तहत अपने खातों का पक्का रिकॉर्ड रखती थीं। प्रमाणित लेखापरीक्षक, जिन्होंने लेखा डिप्लोमा का पाठ्यक्रम पूरा किया है, लेखा पुस्तकों का लेखा-जोखा रखते थे। भारत में, लेखांकन पेशा (अकाउंटिंग प्रोफेशन) 1948 तक अनियंत्रित रहा था। हालांकि 1949 में एक विशेषज्ञ समिति ने एक स्वायत्त निकाय और चार्टर्ड अकाउंटेंट अधिनियम के गठन का सुझाव दिया और 1 जुलाई 1949 को आईसीएआई की स्थापना की गई। इसका उद्देश्य भारत में लेखांकन कानूनों को विनियमित करना था।
चार्टर्ड अकाउंटेंट को भारत में सबसे सम्मानित और महान व्यवसायों में से एक माना जाता है। सीए हमारे देश के आर्थिक विकास में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। भारत में चार्टर्ड अकाउंटेंट्स को सम्मानित करने के लिए यह दिन मनाया जाता है। आईसीएआई भारत में लेखांकन पेशे के बेहतर विनियमन के लिए देश का सबसे पेशेवर संस्थान है। सीए दिवस, भारत के सबसे पेशेवर और सबसे पुराने लेखा निकाय के योगदान के लिए धन्यवाद कहने के लिए मनाया जाता है।
सीए दिवस के अवसर पर, आईसीएआई फाउंडेशन, इंटरमीडिएट और फाइनल कोर्स के छात्रों की तैयारी कर रहे सीए अभ्यर्थियों के लिए एक मोबाइल एप 'आईसीएआई-बीओएस' लॉन्च करने जा रहा है। आईसीएआई-बीओएस को गूगल प्ले स्टोर से डाउनलोड किया जा सकता है।