ऐसे करें संभावित अंक कैलकुलेट
सबसे पहले अपनी रिस्पॉन्स शीट प्रोविजनल आंसर-की डाउनलोड कर लें। इसके बाद अपने चुने हुए उत्तरों को आंसर-की के सही जवाब से मिलाएं। सही उत्तरों की गिनती करें और गलत जवाबों को भी नोट करें, ताकि नेगेटिव मार्किंग का सही हिसाब लगाया जा सके।
अगर परीक्षा में मल्टी-सेक्शन पेपर है, तो अंतिम स्कोर नॉर्मलाइजेशन के बाद 1000 में से तय होगा। लेकिन अभी सिर्फ रॉ मार्क्स की गणना करें और उसी के आधार पर अपना संभावित स्कोर अनुमानित करें।
अंकन प्रणाली
परीक्षा कंप्यूटर आधारित टेस्ट मोड में 7, 8, 14 और 15 फरवरी को 30 विषयों के लिए आयोजित की गई थी। इस परीक्षा में प्रत्येक सही उत्तर के लिए 1 या 2 अंक दिए जाते हैं। ऑब्जेक्टिव प्रश्नों में 1/3 और 1/2 नेगेटिव मार्किंग लागू है, जबकि NAT (Numerical Answer Type) प्रश्नों में कोई नकारात्मक अंकन नहीं होता।
गेट स्कोर 3 साल तक मान्य रहता है। इस स्कोर का उपयोग आईआईटी, एनआईटी और अन्य संस्थानों में MTech और PhD प्रवेश के लिए किया जाता है। साथ ही, कई सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम (PSU) भी भर्ती प्रक्रिया में GATE स्कोर को मान्यता देते हैं।