सीयूईटी एग्जाम सिलेबस में भी 30 फीसदी कटौती होनी चाहिए थी
यूजीसी की योजनानुसार नेशनल टेस्टिंग एजेंसी की ओर से सीयूईटी यूजी का आयोजन देशभर में स्नातक पाठ्यक्रमों में दाखिलों के लिए प्रवेश प्रक्रिया को एकरूपता देने वाला है। कई छात्रों का मानना है कि अब उनके पास बोर्ड में अच्छे अंक होने के बावजूद सर्वश्रेष्ठ कॉलेज में प्रवेश पाने का एक अच्छा मौका है।
हालांकि, कई छात्रों ने शिकायत की उन्हें परीक्षा के लिए तैयारी का पूरा वक्त नहीं मिल पाया जबकि अधिकतर ने कहा कि सीयूईटी यूजी के लिए भी एनसीईआरटी सिलेबस के आधार पर बोर्ड परीक्षा की तरह 70 फीसदी सिलेबस ही होना चाहिए था। सीयूईटी एग्जाम में भी 30 फीसदी सिलेबस की कटौती की जानी चाहिए। ताकि बोर्ड परीक्षा की तैयारी का लाभ इस परीक्षा में भी मिल पाता।
कई छात्रों को दोनों स्लॉट में देने पड़े एग्जाम
तकनीकी गड़बड़ियों को लेकर कई छात्रों ने नाराजगी भी जाहिर की। एनटीए उनके एक से अधिक विषयों के पेपर एक ही दिन अलग-अलग चरणों में शेड्यूल कर दिए थे। कुछ के पेपर सुबह नौ बजे से दोपहर 12:15 बजे तक और दूसरे स्लॉट में दोपहर तीन बजे से 6:45 बजे तक निर्धारित कर दिए गए थे। वहीं, दूसरे स्लॉट के लिए परीक्षा केंद्र भी अलग जगह आवंटित कर दिए गए। हालांकि, एनटीए ने आश्वासन दिया है कि वे सभी छात्र जो परीक्षा देने में किसी कारणवश असमर्थ रहे, उन्हें सीयूईटी परीक्षा के दूसरे चरण में एक और मौका दिया जाएगा।
मॉक टेस्ट का अभ्यास करने वालों को रही आसानी
सीयूईटी यूजी के परीक्षार्थियों ने बताया कि जिन छात्रों ने एनटीए द्वारा जारी किए गए मॉक टेस्ट का अभ्यास किया होगा, उनके लिए शुक्रवार का पेपर थोड़ा आसान और फैमिलियर रहा होगा। इसमें जटिल या ट्रिकी प्रश्न नहीं थे जो छात्रों को बड़ी गलती करने के लिए उलझाते। अंग्रेजी का पेपर पैसेज और ग्रामर बेस्ड रहा तो वहीं, गणित का पेपर फंडामेंटल बेस्ड था।
पहले चरण में 8,10,000 उम्मीदवार हो रहे शामिल
CUET UG 2022 के लिए कुल लगभग 14,90,000 उम्मीदवारों ने पंजीकरण कराया है, और लगभग 8,10,000 उम्मीदवारों को पहले चरण के लिए और दूसरे चरण में लगभग 6,80,000 उम्मीदवारों को निर्धारित किया गया है। इन उम्मीदवारों ने 86 विश्वविद्यालयों में विषयों के 54,555 यूनिक कॉम्बिनेशन के लिए आवेदन किया है।