Year Ender 2022: सेंट्रल बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजुकेशन (CBSE) ने इस बार बोर्ड परीक्षा आयोजित कराने के लिए अपना पुराना पैटर्न पर अपना रहा है। पिछले साल कोरोना वायरस की वजह से सीबीएसई ने अपने परीक्षा पैटर्न में बदलाव किया था।
सीबीएसई (CBSE) कक्षा दसवीं और बारहवीं (CBSE Class 10 & 12 Old Exam Pattern) के लिए एक ही बोर्ड परीक्षा आयोजित करने के अपने पुराने पैटर्न पर वापस आ गया है। इस साल से 10वीं और 12वीं कक्षा की परीक्षा एक ही बार आयोजित की जाएगी।
दरअसल पिछले साल देश में कोरोना वायरस संक्रमण की स्थिति को देखते हुए बोर्ड परीक्षा को दो टर्म में परीक्षा आयोजित करने का फैसला लिया गया था। जो छात्र संक्रमण की वजह से एक परीक्षा में शामिल नहीं हो सके, उनके मार्क्स दूसरी परीक्षा के आधार पर कैलकुलेट किए गए थे। लेकिन इस पॉलिसी को अब सीबीएसई द्वारा खत्म किया जा रहा है। कुछ दिन पहले ही केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय की ओर से संसद में इस बारे में जानकारी दी गई थी।
CBSE New Exam Pattern यह होंगे बदलाव
सीबीएसई की परीक्षाओं के पैटर्न में बड़ा बदलाव किया गया है। यह जानकारी केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय की ओर से सोमवार को संसद में दी गई। शिक्षा मंत्रालय ने कहा कि 2023 में केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड यानी सीबीएसई कक्षा 10वीं की परीक्षा में कम से कम 40 फीसदी और कक्षा 12वीं की परीक्षा में 30 प्रतिशत प्रश्न योग्यता यानी कंप्टेंसी आधारित होंगे। इस बार बोर्ड परीक्षा में पूछे जाने वाले सवालों में वस्तुनिष्ठ प्रकार, कंस्ट्रक्टिव रिस्पॉन्स टाइप, एसर्शन यानी अभिकथन, रीजनिंग यानी तर्क और मामले यानी केस आधारित प्रश्न पूछे जाएंगे।
CBSE New Exam Pattern ऐसा होगा नया परीक्षा पैटर्न
केंद्रीय शिक्षा राज्य मंत्री अन्नपूर्णा देवी ने शीत कालीन सत्र के दौरान लोकसभा में पूछे गए एक प्रश्न के लिखित जवाब में यह जानकारी साझा की है। सीबीएसई नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अनुसरण में, परीक्षाओं के पैटर्न में सुधार के लिए कक्षा 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षाओं में योग्यता-आधारित प्रश्न पूछने की शुरुआत कर रहा है। इन प्रश्नों में में वस्तुनिष्ठ प्रकार, कंस्ट्रक्टिव रिस्पॉन्स टाइप, एसर्शन यानी अभिकथन, रीजनिंग यानी तर्क और मामले यानी केस आधारित प्रश्न जैसे कई प्रारूप शामिल हैं। मंत्री ने कहा कि शैक्षणिक सत्र 2022-23 में, कक्षा 10वीं की बोर्ड परीक्षाओं में लगभग 40 फीसदी प्रश्न और कक्षा 12वीं में लगभग 30 फीसदी प्रश्न योग्यता आधारित हैं।
ICSE एग्जाम पैटर्न में भी बदलाव
ICSEएग्जाम पैटर्न में इस बार बदलाव किया गया है। पिछले साल कोरोना की वजह से सीआईएससीई की परीक्षा दो टर्म में आयोजित की गई थीं। लेकिन इस साल से एक ही बार फाइनल परीक्षा आयोजित होंगी। सीआईएससीई द्वारा शैक्षणिक वर्ष 2023 के अंत में आईसीएसई और आईएससी दोनों स्तरों पर केवल एक परीक्षा आयोजित करने का निर्णय लिया गया है। सीआईएससीई ने फरवरी / मार्च 2023 के महीनों में इन परीक्षाओं को आयोजित करने का प्रस्ताव जारी किया है।
Andhra Pradesh Govt Schools
आंध्र प्रदेश सरकार ने अगले शैक्षणिक वर्ष से पहली से नौवीं कक्षा और 2024-25 से 10वीं कक्षा के लिए सभी सरकारी स्कूलों में दो-सेमेस्टर की प्रणाली लाने का आदेश शनिवार को जारी किया। इतना ही नहीं, सरकार ने 2024-25 से कक्षा 10वीं के लिए भी दो-सेमेस्टर प्रणाली शुरू करने का आदेश जारी कर दिया है। सरकारी आदेश के अनुसार, नई प्रणाली नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 और स्कूल शिक्षा में सुधारों के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए राज्य सरकार द्वारा उठाए जा रहे कदमों का हिस्सा है।
इसमें कहा गया है कि अत: स्कूल शिक्षा के सभी क्षेत्रीय संयुक्त निदेशक, जिला शिक्षा अधिकारी, समग्र शिक्षा के अतिरिक्त परियोजना समन्वयक और राज्य में जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान के प्रधानाचार्य को सूचित किया जाता है कि राज्य अकादमिक वर्ष 2023-24 से पहली से नौवीं कक्षा तथा 2024-25 से 10वीं कक्षा के लिए दो सेमेस्टर व्यवस्था का पालन करेगा। आदेश में कहा गया है कि सेमेस्टर प्रणाली छात्रों तथा शिक्षकों दोनों के लिए बहुत फायदेमंद होगी, जबकि सीखना अधिक सार्थक हो जाएगा।