नए पाठ्यक्रम के आधार पर होगा छात्रों का मूल्यांकन
नौवीं व दसवीं के पाठ्यक्रम में दो भाषा (एक भाषा अनिवार्य व एक अन्य भाषा), सोशल साइंस, गणित, साइंस कोर विषयों के अलावा व वैकल्पिक विषय के रूप में किसी स्किल विषय व हेल्थ एंड फिजिकल एजुकेशन, आर्ट एजुकेशन को पढ़ना होगा। वहीं, अब छात्रों को तीन स्किल-आधारित सब्जेक्ट्स स्कूल कंप्यूटर ऐप्लिकेशन, इंफोर्मेशन टेक्नोलॉजी व आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस में से भी एक का चुनाव करना होगा। इस नए पाठ्यक्रम के आधार पर छात्रों का मूल्यांकन होगा।
ग्यारहवीं-बारहवीं के पाठ्यक्रम में भाषा, ह्यूमेनिटीज, मैथमेटिक्स, साइंस, स्किल सब्जेक्ट, जनरल स्टडीज व हेल्थ एंड फिजिकल एजुकेशन शामिल है। मालूम हो कि सीबीएसई की ओर से प्रत्येक वर्ष सत्र की शुरूआत से पहले ही पाठ्यक्रम को जारी किया जाता है, जिससे कि शुरूआत से पहले ही छात्रों को पता हो कि उन्हें क्या पढ़ना है और शिक्षकों को पता हो कि उन्हें क्या पढ़ाना है। बोर्ड की ओर से इस पाठ्यक्रम को वेबसाइट पर उपलब्ध करा दिया गया है।
आठ अप्रैल से 13 मई तक करियर काउंसलिंग वेबिनार होंगे आयोजित
अब केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड छात्रों की करियर की राह चुनने में भी मददगार बनेगा। दरअसल बोर्ड आठ अप्रैल से 13 मई तक करियर काउंसलिंग वेबिनार श्रृंखला आयोजित करने जा रहा है। स्कूल प्रिंसिपल, काउंसलर, शिक्षक, छात्र व अभिभावक इन श्रृंखलाओं का लाभ ले सकेंगे। सीबीएसई के अनुसार इन सत्रों का उद्देश्य करियर परामर्श में स्कूल प्रिंसिपलों, शिक्षकों और परामर्शदाताओं के पेशेवर विकास को बढ़ाना है, साथ ही छात्रों और अभिभावकों के लिए करियर संबंधी निर्णय लेने को बढ़ावा देना है।
पहले सत्र की शुरूआत आठ मई को होगी। यह ऑनलाइन शाम चार बजे से शाम पांच बजे तक छात्रों, अभिभावकों व एजुकेटर के लिए आयोजित किया जाएगा। इसमें सीबीएसई सचिव हिमांशु गुप्ता, सेंटर फॉर करियर डेवलपमेंट के निदेशक जितिन चावला, रोयॉलो बाए भारत की संस्थापक अंशिका कपूर छात्र के प्रोफाइल को बढ़ाने वाली डिजिटल रणनीतियों व एआई आधारित टूल्स, एक अच्छे प्रोफाइल के महत्व के विषय में बताएंगे। दूसरा सत्र 15 मई को आयोजित होगा जो कि स्कूल प्रिंसिपल के लिए होगा।