राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (एनसीईआरटी) ने मार्गदर्शन एवं परामर्श कोर्स में डिप्लोमा के लिए दाखिला प्रक्रिया की घोषणा कर दी है।
एक वर्षीय इस कोर्स की खास बात है कि इसको भारत व अन्य सार्क देशों के साथ ही अफ्रीकी एशिर्याई देशों के अध्यापक, प्रशिक्षक अध्यापक, विद्यालय प्रशासक और अप्रशिक्षित मार्गदर्शक कर्मी कर सकते हैं। एक अन्य विशेषता है कि इस कोर्स को दूरस्थ, आमने-सामने (फेस-टू फेस) और इंटर्नशिप तीन चरणों में बांटा गया है। कोर्स में आवेदन करने की अंतिम तिथि 20 दिसंबर है।
एनसीईआरटी का एजुकेशनल साइकोलॉजी एंड फाउंडेशन ऑफ एजुकेशन विभाग यह कोर्स कराएगा। संस्थान ने इस कोर्स में प्रवेश के लिए आवेदन मांगे हैं। योग्य अभ्यर्थियों को क्षेत्रीय आधार पर एनसीईआरटी मुख्यालय (शैक्षिक मनोविज्ञान और शिक्षा आधार विभाग) और क्षेत्रीय संस्थानों में प्रवेश दिया जाएगा। प्रत्येक केंद्र में अधिकतम 50 सीटें हैं।
कोर्स का पहला चरण दूरस्थ माध्यम का होगा, जो कि जनवरी से जून 2015 तक चलेगा। उसके बाद फेस-टू-फेस चरण की शुरुआत जुलाई से होगी, जो सितंबर तक जारी रहेगी। तीसरे चरण में कोर्स के अंतर्गत इंटर्रनशिप अक्तूबर से दिसंबर तक चलेगी। इस कोर्स में आवेदन 20 दिसंबर तक किया जा सकता है। कोर्स के संबंध में अधिक जानकारी एनसीईआरटी वेबसाइट www.ncert.nic.in से प्राप्त की जा सकती है।