2023 में अब तक आठ छात्र कर चुके आत्महत्या
इससे पहले, उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर जिले के रहने वाले 15 वर्षीय धनेश कुमार शर्मा का शव बुधवार को कुन्हाड़ी इलाके में अपने छात्रावास के कमरे में पंखे से लटका मिला। जबकि सोमवार को बेंगलुरु के रहने वाले 22 वर्षीय मोहम्मद नसीद ने विज्ञान नगर इलाके की एक इमारत की 10वीं मंजिल से कूद कर जान दे दी थी। कोटा में इस साल अब तक आठ छात्रों की आत्महत्या के मामले सामने आए हैं।
बीते साल 15 छात्रों ने की थी खुदकुशी
इससे पहले पिछले साल कोचिंग सिटी में 15 छात्रों ने आत्महत्या कर ली थी। कई राज्यों से हजारों छात्र मेडिकल और इंजीनियरिंग कॉलेजों की प्रवेश परीक्षाओं की तैयारी के लिए कोटा आते हैं। इस सत्र में शहर के कोचिंग सेंटरों में 2.25 लाख से अधिक छात्रों के नामांकित होने का अनुमान है।
NEET UG एक साल से अधिक समय से कर रहा था तैयारी
प्राप्त जानकारी के अनुसार, पटना शहर के रहने वाले नवलेश ने गुरुवार देर रात लैंडमार्क सिटी के कृष्णा विहार स्थित अपने पीजी आवास में कथित तौर पर फांसी लगाई। 12वीं कक्षा का छात्र एक साल से अधिक समय से राष्ट्रीय पात्रता-सह-प्रवेश परीक्षा (NEET-UG) की तैयारी कर रहा था। कुन्हाड़ी पुलिस थाने के एसएचओ गंगा सहाय शर्मा ने कहा कि उसके कमरे से मिले सुसाइड नोट में लड़के ने अपने कदम के लिए अपने कोचिंग सेंटर में नियमित परीक्षाओं में अच्छा प्रदर्शन नहीं करने को लेकर पढ़ाई संबंधी तनाव और हताशा का जिक्र किया है।
NEET UG हाल के टेस्ट में कम अंक मिले थे
पुलिस ने कहा कि उन्होंने नवलेश के शव को एमबीएस अस्पताल की मोर्चरी में रखवा दिया है और उसके परिवार के सदस्यों के पटना से आने के बाद पोस्टमार्टम किया जाएगा। उसके सहपाठियों ने कहा कि नवलेश नियमित रूप से कक्षाओं में जाता था लेकिन अपनी भावनाओं या अंकों को दूसरों के साथ साझा नहीं करता था।
एसएचओ ने कहा कि पता चला है कि उसने अपने कोचिंग सेंटर में हाल के टेस्ट में कम अंक प्राप्त किए हैं। शुक्रवार सुबह जब वह कमरे से बाहर नहीं आया तो हॉस्टल के केयरटेकर ने करीब 11 बजे पुलिस को सूचना दी। पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे, गेट को तोड़ा और लड़के को छत के पंखे से लटका हुआ देखा।