सरकार पर उठाए सवाल, निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। आम आदमी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने 650 करोड़ रुपये के कथित दवा घोटाले की जांच को लेकर भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने दावा किया कि इस मामले से जुड़ी सैकड़ों सरकारी फाइलें स्वास्थ्य विभाग से गायब हैं, जिससे जांच प्रभावित हो रही है।
उन्होंने सवाल किया कि आखिर सरकार किसे बचाने की कोशिश कर रही है। सौरभ भारद्वाज ने कहा कि पिछले दो महीने से विजिलेंस और एंटी करप्शन ब्रांच (एसीबी) इस मामले की जांच कर रही है, लेकिन जांच एजेंसियों को अब तक टेंडर, वर्क ऑर्डर और अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराए गए हैं। उनका आरोप है कि स्वास्थ्य विभाग से इस मामले से संबंधित कई फाइलें गायब कर दी गई हैं। भारद्वाज ने कहा कि स्वास्थ्य मंत्री रहने के दौरान उन्हें विभाग की कार्यप्रणाली का अनुभव रहा है। उनके अनुसार, दिल्ली सरकार के फाइल मैनेजमेंट सिस्टम में प्रत्येक फाइल की आवाजाही का डिजिटल रिकॉर्ड दर्ज होता है। ऐसे में यदि फाइलें गायब हैं तो उनके मूवमेंट का पूरा विवरण कंप्यूटराइज्ड सिस्टम में उपलब्ध होना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार जांच एजेंसियों को यह रिकॉर्ड भी उपलब्ध नहीं करा रही है।
उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि सचिवालय और सरकारी कार्यालयों में बड़ी संख्या में सीसीटीवी कैमरे लगे होने के बावजूद यदि सैकड़ों फाइलें गायब हो गई हैं तो अब तक उनकी जिम्मेदारी तय क्यों नहीं की गई। उनका कहना था कि इससे यह आशंका पैदा होती है कि मामले को दबाने और वास्तविक दोषियों को बचाने का प्रयास किया जा रहा है। आप नेता ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता पहले दोषियों के खिलाफ कार्रवाई का दावा कर रही थीं लेकिन अब जांच को आगे बढ़ाने के बजाय मामले को कमजोर करने की कोशिश हो रही है। उन्होंने मांग की कि गायब फाइलों का पता लगाया जाए और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।