नई दिल्ली। उत्तर पूर्वी दिल्ली के दंगों के एक गवाह को धमकाने के मामले में पुलिस ने अमरोहा यूपी से दो लोगों को हिरासत में लिया है। इनमें एक वह दुकानदार है जिससे सिम खरीदकर धमकाने के लिए इस्तेमाल किया गया और दूसरा व्यक्ति वह है जिसके दस्तावेज का इस्तेमाल सिम खरीदने के लिए किया गया था।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि 4 जुलाई को शिव विहार स्थित डीआरपी स्कूल के मालिक पंकज शर्मा के बेटे धर्मेश शर्मा ने दयालपुर थाने में धमकाने की शिकायत की थी। उसने कहा कि फोन करने वाला दंगों की साजिश के आरोपी राजधानी पब्लिक स्कूल के मालिक फैसल फारुक पर दर्ज केस वापस लेने का दबाव डाल रहा था।
पुलिस को छानबीन में पता चला कि जिस नंबर से गवाह को धमकी दी गई है उस सिम को अमरोहा के हसनपुर की एक दुकान से खरीदा गया था। पुलिस ने वहां पहुंचकर दुकानदार व जिस शख्स के नाम के दस्तावेेज का इस्तेमाल कर सिम लिया गया था उसे हिरासत में लेकर दिल्ली आ गई।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इनसे पूछताछ कर धमकी देने वाले की पहचान करने की कोशिश की जा रही है। फरवरी माह में हुए दंगे में डीआरपी स्कूल को लूटा और जलाया गया था। स्कूल मालिक ने इस बाबत शिकायत दर्ज करवाई थी।