उत्तरी दिल्ली के वजीराबाद इलाके में ऑटो सवार दो दोस्तों से मोबाइल लूटने की गलती कर बैठे। सेना में भर्ती होने की तैयारी कर रहे दोनों युवकों ने आरोपियों को धर दबोचा। इसके बाद दोनों को पुलिस के हवाले कर दिया गया। आरोपियों की पहचान सीलमपुर निवासी सलमान (22) और सद्दाम (22) के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपियों के पास से लूटे गए मोबाइल के अलावा तीन अन्य मोबाइल व ऑटो बरामद किया है। उत्तरी जिला पुलिस उपायुक्त सागर सिंह कलसी ने दोनों दोस्तों की जांबाजी को सलाम करते हुए उनको दो-दो हजार का इनाम और प्रशस्ति पत्र दिया है।
पुलिस के मुताबिक मूलरूप से बाबूगढ़ छावनी, हापुड़ का रहने वाला मोहसिन (21) 31 मई को संगम विहार, वजीराबाद में रहने वाली अपने बहन के घर आया था। मोहसिन के साथ उसका दोस्त शहजाद भी था। दोनों पढ़ाई करने के अलावा सेना में भर्ती होने की तैयारी कर रहे हैं। एक जून की सुबह दोनों दोस्त हापुड़ जाने के लिए घर से निकले। इस गुर्जर चौक होते हुए दोनों वजीराबाद मदर डेयरी की ओर ऑटो देखने जा रहे थे। मोहसिन और शहजाद थोड़ा आगे-पीछे थे।
इसी दौरान मोहसिन की कॉल आ गई। वह फोन सुनने लगा। तभी पीछे से एक ऑटो आया और वहां रुक गया। एक युवक ऑटो से उतरा और उसने मोहसिन का गला दबाकर उसका मोबाइल लूट और ऑटो में बैठकर फरार होने लगा। यह सब शहजाद देख रहा था। वह शोर मचाता हुआ पैदल ही ऑटो के पीछे भागा। शहजाद आरोपियों चलते ऑटो में चढ़ गया। इस दौरान मोहसिन भी भागता हुआ वहां पहुंचा। दोनों ने जबरन ऑटो रुकवाया।
इसके बाद मोहसिन व शहजाद दोनों पर टूट पड़े। आरोपियों ने हाथापाई कर उनको घायल भी कर दिया। लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी और दोनों को काबू कर लिया। बाद में राहगीरों ने मामले की सूचना पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने दोनों आरोपियों को काबू कर लिया। मामला जब वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को पता चला तो दोनों को पुलिस उपायुक्त कार्यालय बुलाकर सम्मानित किया गया।