नई दिल्ली। मानवाधिकार और कश्मीरी कार्यकर्ता सुशील पंडित की हत्या की सुपारी देने के मामले में दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने अब खालिस्तान के कोण से जांच शुरू कर दी है। पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई के इशारे पर किसी खालिस्तान समर्थक के ही सुशील की हत्या की साजिश रचने की आशंका है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में जेल में बंद किसी खालिस्तान समर्थक का लिंक सामने आएगा।
स्पेशल सेल के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि दस दिन के रिमांड पर लाए गए सुशील की हत्या की सुपारी देने वाले प्रिंस उर्फ टूटी ने पूछताछ में बताया कि इसके लिए उसे पंजाब के ही एक बड़े बदमाश ने कहा था। अधिकारी का कहना है कि प्रिंस इतना बड़ा बदमाश नहीं है कि आईएसआई या खालिस्तान समर्थक उसे सीधे किसी की हत्या करने की सुपारी दें। प्रिंस अभी करीब 22 वर्ष का है और अपराध की दुनिया में उसका नाम बड़ा भी नहीं है। इसीलिए उसके पीछे किसी बड़े अपराधी का हाथ होने की संभावना है।
स्पेशल सेल के एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि प्रिंस के मोबाइल की फोरेंसिक रिपोर्ट का अभी इंतजार है। इसके सोमवार तक मिलने की संभावना है। फरीदकोट पुलिस ने ही प्रिंस के मोबाइल को फोरेंसिक जांच के लिए भेजा है। फरीदकोट पुलिस ने ही प्रिंस के मोबाइल की अपने स्तर से जांच की थी। इसमें क्या मिला, यह जानकारी उसने अब तक दिल्ली पुलिस के साथ साझा नहीं की है। प्रिंस के मोबाइल की रिपोर्ट से ही पता लगेगा कि उसने पाकिस्तान व दुबई में कहां-कहां फोन किए हैं।
प्रिंस फरीदकोट जेल में जो मोबाइल इस्तेमाल कर रहा था, उससे वीओआईपी कॉल करता था। इससे उसके मोबाइल का नंबर फ्रांस का आता था। दिल्ली पुलिस ने सुशील पंडित की हत्या करने आए कांट्रेक्ट किलर सुखविंदर सिंह (25) और लखन (27) को गिरफ्तार किया था।