छात्रों का आरोप, अब तक नहीं मिली पाठ्य सामग्री
केवाईएस ने डीयू और एसओएल अधिकारियों को सौंपा सामूहिक ज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली विश्वविद्यालय के स्कूल ऑफ ओपन लर्निंग (एसओएल) की सेमेस्टर परीक्षाएं अगले माह से शुरू होनी तय हैं। छात्रों का आरोप है कि सिलेबस अधूरा है और पाठ्य सामग्री नहीं मिली है। ऐसे में क्रांतिकारी युवा संगठन (केवाईएस) के नेतृत्व में छात्रों ने डीयू के डीन स्टूडेंट वेलफेयर और एसओएल अधिकारियों को सामूहिक ज्ञापन सौंपा।
आरोप है कि छात्रों की एक बड़ी संख्या को न पूरी पाठ्य सामग्री मिली है और न ही उनका पाठ्यक्रम पूरा कराया गया है। मालूम हो कि एसओएल के बीए प्रोग्राम और ऑनर्स जैसे कई कोर्सों की कक्षाएं या तो समाप्त हो गई हैं या फिर अगले हफ्ते समाप्त होने वाली हैं। केवाईएस के अनुसार पिछले सालों में हर सेमेस्टर सिर्फ 15 कक्षाएं दी जा रही थीं, जो सिलेबस पूरा करने के लिए पर्याप्त नहीं थीं। इस बार कक्षाएं बढ़ाने की जगह इस सेमेस्टर पीसीपी (पर्सनल कॉन्टेक्ट प्रोग्राम) कक्षाओं की संख्या घटा दी गई। केवाईएस का कहना है कि इतनी कम कक्षाओं के कारण छात्रों के लिए सिलेबस को समझ पाना कठिन है, इससे वे परीक्षा के लिए तैयार नहीं हो पाएंगे।
छात्रों का आरोप है कि प्रशासन ने इस सेमेस्टर पुस्तकों को छात्रों के घर भेजने की बात तो कही थी, परंतु अभी तक सभी छात्रों को न तो पुस्तकें प्राप्त हुई हैं, न ही प्रशासन की ओर से स्टडी मटेरियल के आवंटन के लिए सेंटर खोले गए हैं। वहीं जिन छात्रों को किताबें मिली भी हैं, वह अधूरी हैं। केवाईएस ने एसओएल छात्रों के साथ मिलकर ज्ञापन में कक्षाओं की संख्या बढ़ाए जाने और सिलेबस पूरा होने तक कक्षा चलाए जाने, प्रिंटेड मटेरियल मुहैय्या कराने की मांग की है।