जीटीबी अस्पताल के बाहर स्ट्रेचर पर मरीज
- फोटो : अमर उजाला
दिल्ली के अस्पतालों में बिस्तरों की कमी और ऑक्सीजन की उपलब्धता सीमित होने की वजह से मरीजों की जान पर बन आई है। बीते तीन दिन से हालात अति खराब होने का असर बृहस्पतिवार रात को देखने को मिला जब रात 12 से 1 बजे के बीच दिल्ली के दो अस्पतालों में पांच मरीजों ने दम तोड़ दिया।
जीटीबी अस्पताल के आपातकालीन विभाग के बाहर मरीज स्ट्रेचर पर पड़े रहे। इस दौरान एक महिला और एक बुजुर्ग मरीज की मौत हुई. जबकि सर गंगाराम अस्पताल के बाहर तीन मरीजों ने 20 मिनट के अंदर दम तोड़ दिया। यह सभी घटनाएं अमर उजाला की टीम के सामने हुईं।
जीटीबी अस्पताल में रात 12 बजकर 25 मिनट पर अस्पताल के आपातकालीन विभाग के बाहर स्ट्रेचर पर लेटी एक महिला की सांस उखड़ने लगी। इस बीच तीमारदार ने जब चिल्लाना शुरू किया तो आनन-फानन पीपीई किट पहने डॉक्टर वहां पहुंचे और महिला को सीपीआर देने लगे, लेकिन करीब पांच मिनट की काफी कोशिशों के बाद भी मरीज की जान नहीं बचाई जा सकी।
इससे पहले चार अस्पतालों के चक्कर लगाने के बाद जीटीबी पहुंचे एक बुजुर्ग मरीज ने स्ट्रेचर पर ही दम तोड़ दिया। जानकारी मिली है कि मरीज को सांस लेने में तकलीफ थी। समय पर अस्पताल में बेड और ऑक्सीजन न मिलने की वजह से उनकी मौत हो गई।
पूछताछ में पता चला कि महिला शाहदरा के ज्योति नगर निवासी थी और बुजुर्ग मरीज दिलशाद गार्डन के निवासी थे। हालांकि, दोनों के ही परिजन अधिक बातचीत करने की स्थिति में नहीं थे, जिस कारण खबर लिखे जाने तक उनसे अधिक जानकारी नहीं मिल सकी।