किसान नेताओं और सरकार के बीच 9वें दौर की वार्ता भी बेनतीजा रही है। अगली बैठक 19 जनवरी को तय की गई है। सरकार के साथ 9वें दौर की वार्ता के बाद किसान नेता बोले, 'कोई समाधान नहीं निकला, न कृषि कानूनों पर न एमएसपी पर। 19 जनवरी को फिर से मुलाकात होगी
पंजाब में राजभवन घेरने निकले कांग्रेसियों पर पुलिस ने वाटर कैनन से पानी की बौछारें कीं।
कोलकाता में भी कांग्रेस पार्टी के नेता और कार्यकर्ताओं ने नए कृषि कानूनों और तेल की कीमतों में बढ़ोतरी के खिलाफ विरोध रैली निकालते हुए राज्यपाल के आवास की तरफ रुख किया। इस दौरान भारी संख्या में कांग्रेसी मौजूद हैं।
किसान नेताओं और सरकार के बीच में बैठक जारी है, हालांकि भोजनावकाश तक कोई हल नहीं निकला था। अवकाश के बाद एमएसपी गारंटी कानून पर चर्चा होगी।
जब राहुल गांधी से पूछा गया कि सुप्रीम कोर्ट ने चार सदस्यीय कमेटी का गठन किया है जिसके सामने किसान नहीं जा रहे इस पर क्या कहेंगे तो उन्होंने कहा कि, भईया माया शब्द सुना है आपने... पूरा का पूरा माया है मीडिया क्रिएटेड माया है और ये माया टूटने वाली है, जिस दिन ये माया टूटी उस दिन आप देखना क्या होता है।
राहुल गांधी ने जंतर-मंतर पहुंचकर कहा कि नरेंद्र मोदी हिन्दुस्तान को नहीं समझ रहे हैं, वो सोचते हैं कि किसानों में शक्ति नहीं है और ये 10-15 दिन में चले जाएंगे क्योंकि नरेंद्र मोदी किसान की इज्जत नहीं करते। नरेंद्र मोदी हिन्दुस्तान का किसान नहीं डरेगा, नहीं हटेगा और भागना आपको पड़ेगा।
राहुल ने जंतर-मंतर पहुंचकर कहा, ये तीन कानून किसान को खत्म करने के कानून हैं। इस देश को आजादी अंबानी-अदानी ने नहीं, किसान ने दी है। आजादी को बरकरार हिन्दुस्तान के किसान ने रखा है, जिस दिन देश की खाद्य सुरक्षा चली जाएगी उस दिन देश की आजादी चली जाएगी।
दिल्ली में उपराज्यपाल के निवास का घेराव करने से रोके जाने पर कांग्रेस नेता राहुल और प्रियंका गांधी जंतर-मंतर पहुंचकर उन कांग्रेस सांसदों से मिले हैं जो किसान आंदोलन के समर्थन में बीते डेढ़ महीने से यहां प्रदर्शन कर रहे हैं।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने दिल्ली राज भवन के बाहर प्रदर्शन का नेतृत्व करते हुए कहा कि, कृषि कानून किसानों की मदद करने के लिए नहीं, बल्कि उनको खत्म करने के लिए हैं। भाजपा सरकार को कृषि कानून वापस लेने ही होंगे, कानूनों को रद्द किए जाने तक कांग्रेस चुप नहीं बैठेगी।
दिल्ली में कृषि कानूनों के खिलाफ अपना विरोध जताने के लिए कांग्रेस नेता राहुल गांधी और प्रियंका गांधी उपराज्यपाल के आवास का घेराव करने के लिए राज निवास की ओर बढ़ते हुए।
यूपी में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू समेत कांग्रेस कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर लिया गया है। अजय कुमार लल्लू को उनके आवास के पास से गिरफ्तार किया गया है। गौरतलब है कि किसान कानून के विरोध में कांग्रेस आज किसान अधिकार मार्च पूरे देश में निकाल रही है। इसी के तहत कांग्रेस कार्यकर्ता राजभवन का घेराव करने जा रहे थे जिससे पहले उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।
कांग्रेस आज कृषि कानूनों के विरोध में देशव्यापी प्रदर्शन कर रही है। कांग्रेस सभी राज्यों के राजभवन का घेराव कर राज्यपाल को ज्ञापन सौंपेगी। ऐसा ही प्रदर्शन जो दिल्ली में हो रहा है उसमें राहुल गांधी शामिल हुए हैं। बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता राजभवन की ओर बढ़ रहे हैं और जय जवान-जय किसान के नारे लगा रहे हैं।
सूत्रों का कहना है कि बीते एक घंटे से ज्यादा समय से सरकार और किसानों की बैठक चल रही है वह पिछले दौर की तरह ही चल रही है। दोनों पक्षों के बीच गतिरोध जारी है।
दिल्ली स्थित विज्ञान भवन में किसान नेताओं और केंद्र सरकार के बीच नौवें दौर की बैठक शुरू हो गई है। बैठक में केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर, केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल और सोमप्रकाश मौजूद हैं।
कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर पहुंचे विज्ञान भवन कुछ देर में शुरू हो सकती है बैठक।
ऑल इंडिया किसान सभा के जनरल सेक्रेटरी हन्नान मोल्लाह ने कहा कि हमें आज की वार्ता से बहुत ज्यादा उम्मीद नहीं है। सरकार के साथ पिछले दौर की वार्ता विफल रही और उन्हें कोर्ट से मदद लेने का अवसर मिल गया। मुझे नहीं लगता कि सरकार वार्ता में ज्यादा आगे बढ़ेगी। तीनों कानूनों पर किसी तरह के इंप्रूवमेंट का कोई चांस नहीं है।
कृषि कानूनों के खिलाफ टिकरी बॉर्डर पर किसानों का विरोध-प्रदर्शन आज 51वें दिन भी जारी है। किसानों ने यहां अर्धनग्न होकर प्रदर्शन कर रहे हैं।
केंद्र सरकार के साथ होने वाली नौवें दौर की वार्ता के लिए किसान नेता सिंघु बॉर्डर से विज्ञान भवन के लिए रवाना हुए।
टिकरी बॉर्डर पर आज 51 वें दिन भी कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों का विरोध प्रदर्शन जारी है। एक प्रदर्शनकारी ने कहा कि सरकार के साथ हमारी पहले भी 8 बार बैठक हो चुकी है, जिसमें कोई हल नहीं निकला। किसानों को उम्मीद नहीं है कि इस बार भी बैठक में कुछ निकलेगा।
भूपिंदर सिंह मान ने कहा कि जब उन्होंने कह दिया है कि हम कमेटी के सामने नहीं जाने वाले हैं तो कमेटी का कोई तुक नहीं रह जाता इसलिए मैंने कमेटी को छोड़ा है।
सुप्रीम कोर्ट द्वारा बनाई गई कमेटी से अपने अलग होने पर भारतीय किसान यूनियन के नेता भूपिंदर सिंह मान ने कहा कि आंदोलन और किसानों के हितों को देखते हुए मैं समझता हूं कि उसमें(कमेटी) जाने का कोई तुक नहीं है।
वहीं, कांग्रेस आज किसानों के समर्थन में देशभर में प्रदर्शन करेगी। दिल्ली में राहुल गांधी कांग्रेस के प्रदर्शन की कमान संभालेंगे। आपको बता दें कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी लंबे समय बाद विदेश से लौटे हैं, गुरुवार को वह तमिलनाडु के दौरे पर रहे थे।
वहीं दूसरी तरफ क्रांति किसान यूनियन के प्रमुख दर्शन पाल ने भी कहा कि हम बातचीत के लिए आज की बैठक में जाएंगे। बैठक में सरकार कैसे व्यवहार करेगी, इसके आधार पर हम तय करेंगे कि आगे क्या करना है। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट द्वारा कृषि कानूनों की समीक्षा के लिए बनाई गई समिति के सदस्य भूपिंदर सिंह मान के इस्तीफे को सही ठहराया।
दुनिया की सबसे ऐतिहासिक परेड होगी। एक तरफ से जवान चलेगा और एक तरफ से किसान चलेगा। इंडिया गेट पर हमारे शहीदों की अमर ज्योति पर दोनों का मेल मिलाप होगा। साथ ही उन्होंने बैठकर को लेकर कहा कि सरकार से बातचीत के लिए हम तैयार हैं। सरकार कृषि कानूनों को वापस ले, इसी संबंध में आज मुलाकात होगी।
आज होने वाली वार्ता में अगर दोनों पक्ष लचीला रुख अपनाए तो इस मसले पर कोई सार्थक परिणाम की उम्मीद की जा सकती है। उधर, किसान अभी भी तीनों कृषि कानूनों को वापस लेने और एमएसपी को कानूनी गारंटी की मांग पर अड़े हुए हैं। भारतीय किसान यूनियन के प्रवक्ता राकेश टिकैत ने कहा कि 26 जनवरी को किसान देश का सिर ऊंचा करेंगे।
तोमर ने कहा, सरकार किसान नेताओं के साथ खुले मन से बातचीत के लिए तैयार है। वहीं, किसान संगठनों ने भी कहा, हम भी तय कार्यक्रम के मुताबिक ही बातचीत को तैयार हैं। हालांकि, हम सुप्रीम कोर्ट की समिति के समक्ष पेश नहीं होना चाहते हैं।
कृषि कानूनों के खिलाफ दिल्ली की सीमाओं पर बैठे किसानों का आंदोलन 51वें दिन भी जारी है। केंद्र सरकार और किसानों के बीच नौवें दौर की वार्ता आज होगी। सुप्रीम कोर्ट की समिति के एक सदस्य के नाम वापस लेने के बाद बातचीत को लेकर असमंजस की स्थिति थी, मगर केंद्रीय कृषिमंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने यह साफ करते हुए कहा दोनों पक्षों के बीच वार्ता 15 जनवरी को दोपहर 12 बजे होगी।