घने कोहरे ने ट्रेनों की रफ्तार थाम ली है। उतर भारत में पड़ने वाले कड़ाके की ठंड व रेलवे ट्रैक पर पड़ने वाले धुंध की वजह से ट्रेनें ठीठक-ठीठक कर चल रही है। इससे यात्रियों को बेहद परेशानी वाला सफर करने को मजबूर होना पड़ रहा है, क्योंकि कई ट्रेन 3-4 घंटे की देरी से चल रही है। मंगलवार को 22 से अधिक ट्रेन घंटों देरी से चली।
उतर भारत में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। सर्दी की वजह से देर रात से सुबह तक घना कोहरा छाया रहता है। इसका सबसे ज्यादा असर ट्रेनों की आवाजाही पर पड़ रहा है। मंगलवार को कई ट्रेनें कोहरे के कारण देरी से चली। इनमें मुख्य रूप से नई दिल्ली आने वाली पुरुषोतम एक्सप्रेस अपने निर्धारित समय से 2 घंटे 15 मिनट देरी से पहुंची तो सहरसा-नई दिल्ली हमसफर स्पेशल ट्रेन अपने निर्धारित समय से 1 घंटे 15 मिनट देरी से।
इसी तरह ट्रेन संख्या 12451 नई दिल्ली श्रम शक्ति सुपरफास्ट एक्सप्रेस 1 घंटे 15 मिनट, ट्रेन संख्या 12303 हावड़ा-नई दिल्ली पूर्वा सुपरफास्ट एक्सप्रेस 1 घंटे 45 मिनट देरी से तो ट्रेन संख्या 12427 रीवा-आनंद विहार एक्सप्रेस अपने निर्धारित समय से 2 घंटे की देरी से चली। सुबह के वक्त् फैजाबाद-पुरानी दिल्ली निर्धारित समय से 1 घंटे 45 मिनट देरी से चल रही थी तो ट्रेन संख्या 12557 मुजफ्फरपुर से आनंद विहार आने वाली सप्त क्रांति एक्स्प्रेस 2 घंटे देरी से स्टेशन पहुंची।
इसके अलावा कलिंग उत्कल एक्सप्रेस 6 घंटे तो कर्नाटक एक्सप्रेस 5 घंटे की देरी से दिल्ली पहुंची। मुंबई- निजामुद्दीन राजधानी भी 5 घंटे देरी से पहुंची। इसी तरह नंदन कानन एक्सप्रेस, रांची-नई दिल्ली गरीबरथ, सहरसा-अमृतसर गरीबरथ, बिलासपुर राजधानी, केरल एक्सप्रेस व एर्नाकुलम एक्सप्रेस भी देरी से चली। जिसके वजह से यात्रियों को ट्रेन में ही नहीं विभिन्न स्टेशनों पर भी परेशान होना पड़ा।