पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई समर्थित इस्लामिक स्टेट (आईएस) के पुणे मॉड्यूल के गिरफ्तार आतंकियों मो. शाहनवाज आलम, मोहम्मद रिजवान अशरफ उर्फ मौलाना और मोहम्मद अरशद वारसी ने खुलासा किया है कि पुणे मॉड्यूल में तीन महिलाएं भी शामिल हैं। इनमें फरार मो. रिजवान की पत्नी अलफिया, मो. शाहनवाज की पत्नी व उसकी बहन मरियम शामिल हैं। यह भी आईएस की कट्टरपंथी विचारधारा से पूरी तरह प्रभावित हैं।
यह मॉड्यूल में शामिल सभी कथित पुरुष आतंकियों को बम धमाकों के लिए उकसाती हैं। साथ ही आतंकी वारदात के लिए समर्थन भी करती हैं। इस खुलासे से पता चलता है कि आईएसआई ने महिलाओं को भी आतंकी बनाना शुरू कर दिया है।
दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि अलफिया, उसका पति मो. रिजवान, मरियम व शाहनवाज की पत्नी फरार हैं। यह सभी लोग जामिया यूनिवर्सिटी में मिले थे। मो. रिजवान व शाहनवाज ने प्रेम विवाह किया है। ग्रेजुएशन कर चुकीं अलफिया की मो. रिजवान से शादी जनवरी, 2021 में हुई थी। यह तीनों ही महिलाएं आईएस से प्रभावित होकर कट्टरपंथी हो गईं।
खुद भी पाकिस्तान में बैठे हैंडलर से बात करती हैं। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल की टीमें इन्हें पकड़ने के लिए यूपी, महाराष्ट्र, पंजाब, हरियाणा, बिहार व केरल समेत कई राज्यों में तलाश कर रही हैं।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि आरोपियों ने कई राज्यों में भीड़भाड़ वाली जगहों पर बम धमाके करने की रणनीति के अलावा किसी बड़े व्यक्ति जैसे नेता, फिल्म स्टार या उद्योगपति को बम से उड़ाने की भी साजिश रच रखी थी। यह इस बड़े व्यक्ति की तलाश कर रहे थे। इसके पीछे इनका उद्देश्य सिर्फ देश की छवि खराब करना था।
जंगलों में रहने की प्रैक्टिस की थी
आरोपी की साजिश यह थी कि ये बम धमाके कर छिपने के लिए पश्चिमी घाट में स्थित गहरे जंगलों में चले जाएंगे। इसके लिए इन्होंने जंगल में रहने की प्रैक्टिस की। जंगल में रहने के लिए यह कई बार गए थे। ऐसे में दिल्ली पुलिस नेटवर्क के जरिये इन्हें जंगलों में भी तलाश कर रही है।
दिल्ली पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि पहली बार यह बात सामने आई है कि आतंकी मॉड्यूल में महिलाएं भी शामिल हैं। ऐसे में पुलिस अधिकारी इसे समाज के लिए खतरे की घंटी मान रहे हैं। यह भी देखना पड़ेगा कि आईएस व आईएसआई कैसे महिलाओं को आतंकी बना रहा हैं। आईएसआई महिलाओं तक कैसे पहुंच रही है।