SDPO विवेक भगत ने दिल्ली पुलिस कमिश्नर को पत्र लिखकर उन्हें एडिशनल DCP का चार्ज देने वाले पिछले आदेश को रोके जाने का अनुरोध किया। उन्होंने इसका कारण क्राइम ब्रांच में अपने खिलाफ चल रही जांच को बताया है।
राजधानी में विरोध प्रदर्शन के दौरान एक महिला पत्रकार का यौन उत्पीड़न करने के आरोप का सामना कर रहे सहायक पुलिस आयुक्त (एसीपी) विवेक भगत ने पुलिस प्रमुख अनुराग कुमार को पत्र लिखा है। उसमें अपराध शाखा में जांच लंबित रहने तक उन्हें अतिरिक्त डीसीपी का कार्यभार सौंपने संबंधी आदेश को स्थगित रखने का आग्रह किया है।
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एसीपी भगत ने पांच अक्तूबर के अपने पत्र में कहा कि अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (एडीसीपी) का कार्यभार सौंपने संबंधी एक आदेश सोमवार को जारी किया गया था। पुलिस आयुक्त अनुराग कुमार को लिखे पत्र में उन्होंने कहा कि एक यूट्यूबर द्वारा मेरे खिलाफ लगाए गए आरोपों के संबंध में अपराध शाखा में मेरे खिलाफ लंबित जांच को देखते हुए, आदेश को स्थगित रखने का आग्रह किया है।
इससे पहले, दिल्ली सरकार ने देर रात कहा था कि भगत के अनुरोध पर उन्हें अतिरिक्त डीसीपी का कार्यभार सौंपे जाने के आदेश को तब तक रोका जा रहा है, जब तक कि महिला पत्रकारों के कथित उत्पीड़न की पूरी जांच पूरी नहीं हो जाती। एडीसीपी भगत उन 12 दानिप्स (दिल्ली, अंडमान निकोबार द्वीप समूह पुलिस सेवा) अधिकारियों में शामिल है, जिन्हें एडीसीपी के पद का कार्यभार सौंपने संबंधी आदेश जारी किया गया था।
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सरकार ने कहा था कि इन अधिकारियों को अतिरिक्त कार्यभार सौंपने का प्रस्ताव 25 अगस्त को शुरू किया गया था और यह मौजूदा घटनाक्रम से काफी पहले का है। तीन महिला पत्रकारों ने बीते शनिवार को जंतर-मंतर पर निर्वाचन आयोग के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान दिल्ली पुलिस के अधिकारियों पर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया था।
एआई से फर्जी वीडियो बनाने वाला युवक गिरफ्तार
नई दिल्ली जिले की साइबर थाना पुलिस ने एआई के जरिए फर्जी वीडियो बनाकर एसीपी कनॉट प्लेस विवेक भगत पर आरोप लगाने वाले युवक नदीम अहमद अमीन (24) को गिरफ्तार कर लिया है। नदीम ने जो फर्जी वीडियो बनाया था उसमें एसीपी विवेक भगत को प्रदर्शन के दौरान एक युवती से छेड़छाड़ करते हुए दिखाया गया था।
पुलिस ने जांच में पाया कि पुलिस अधिकारी द्वारा महिला से छेड़छाड़ वाले वीडियो फर्जी हैं। मदरसे से दसवीं कक्षा पास करने वाले आरोपी के कब्जे से आपत्तिजनक रील फैलाने के लिए इस्तेमाल किया गया मोबाइल फोन बरामद कर लिया गया है।
नई दिल्ली जिले के अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (एडीसीपी) मंजीत ने मंगलवार को मीडिया को बताया कि चार अक्तूबर को कुछ सोशल मीडिया रील्स सामने आईं जिनमें एक बनावटी/छेड़छाड़ किए गए वीडियो को असली सीसीटीवी फुटेज के तौर पर दिखाया जा रहा था।
इसमें पुलिस अफसर की वर्दी पहने एक अधिकारी को एक युवती के साथ कथित तौर पर यौन रूप से अनुचित व्यवहार करते हुए दिखाया गया था। कथित सीसीटीवी फुटेज के साथ एसीपी विवेक भगत की तस्वीर, नाम और पद को प्रमुखता से दिखाया गया था।
जांच में पता लगा कि यह वीडियो एक न्यूज आईना नाम की इंस्टाग्राम आईडी से अपलोड की गई थी। पुलिस ने जब इस अकाउंट की जांच की तो पता चला कि यह आईडी जिला पलवल, हरियाणा निवासी नदीम चलाता है। पुलिस ने आरेापी को 5 अक्तूबर को हरियाणा के मेवात से गिरफ्तार कर लिया गया।
आरोपी का इंस्टाग्राम अकाउंट लॉग-इन पाया गया, जिसके जरिए आपत्तिजनक रील फैलाई गई थी। इसके अलावा, उस मनगढ़ंत रील से जुड़ा कंटेंट/फोटो भी मोबाइल फोन की गैलरी में मिला। आरोपी खुद को एक स्वतंत्र पत्रकार बताता था। उसके पिता एक रिटायर्ड सरकारी उर्दू लेक्चरर हैं।