कोरोना संक्रमण के कारण लगातार बिगड़ते हालात को देखते हुए दिल्ली की सड़कों पर पुलिस बैरिकेड्स के पास सड़क के बांयी तरफ ग्रीन कॉरडोर बनाया गया है। एंबुलेंस, ऑक्सीजन टैंकर सहित सभी आपात वाहनों की निर्बाध आपूर्ति के लिए 15 जिलों में बैरिकेड्स के पास ऐसे डेडिकेटेड लेन बनाए गए हैं।
आला पुलिस अधिकारियों का कहना है कि कोरोना महामारी के दौरान आपातकालीन वाहनों की बढ़ती संख्या को देखते हुए यह कदम उठाया गया है। मरीजों को समय पर गंतव्य तक पहुंचने या ऑक्सीजन की आपूर्ति में देरी से बचने के लिए पुलिस ने इस दिशा में पहल की है।
पुलिस आयुक्त एसएन श्रीवास्तव ने ट्वीट में कहा है कि मरीजों को समय पर इलाज और ऑक्सीजन और इलाज मिल सके, इसलिए गुरुवार से दिल्ली के 15 जिलों में नए लेन की दिशा में पहल की गई है। पुलिस पीआरओ चिन्मय बिस्वाल ने कहा कि बैरिकेड्स लगाकर सड़क पर बांयी तरफ डेडिकेटेड लेन के लिए मॉर्किग भी की दी गई है। इस लेन में केवल आपातकालीन वाहनों को चलने की इजाजत होगी। ऑक्सीजन टैंकर, एंबुलेंस या दूसरे आपात वाहनों के पहुंचते ही पिकेट पर तैनात कर्मी पहुंचते ही इस लेन को खोल देंगे ताकि वाहनों को निर्बाध रूप से गुजरते हुए गंतव्य तक पहुंचने में देरी न हो।
बिस्वाल ने कहा कि लॉकडाउन मानदंडों का उल्लंघन करने वालों पर कार्रवाई होगी। पुलिस की ओर से ग्रीन कॉरिडोर के जरिये अस्पतालों और दिल्लीवासियों को समय पर ऑक्सीजन मुहैया की जा रही है। बुधवार को मालवीय नगर के रेनबो चिल्ड्रन अस्पताल से एसओएस मिली थी। अस्पताल में महज आधे घंटे के लिए ऑक्सीजन था जबकि वहां 71 कोविड पॉजीटिव को इसकी सख्त जरूरत थी। पुलिस ने समय पर 35 ऑक्सीजन सिलेंडर की व्यवस्था कर इसकी आपूर्ति की। इसी तरह बुरारी के सरकारी अस्पताल के लिए ऑक्सीजन की आपूर्ति सुनिश्यित करने में भी पुलिस ने अहम भूमिका निभाई।
75 ऑक्सीजन सिलेंडर मुहैया करवाने में भी पुलिस ने अहम भूमिका निभाई। इसके अलावा पुलिस कर्मी कई ऐसे मृतकों का अंतिम संस्कार भी करवाने में सहयोग कर रहे हैं, जिनके परिजन मदद के लिए तैयार नहीं हैं।