बाहरी जिला पुलिस ने पिता के नक्शे कदम पर अपराध की वारदातों को अंजाम देने वाले 26 साल के आशीष बक्करवाला उर्फ डॉन को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया है। आशीष दिल्ली में वाहन चोरी के सैकड़ों वारदात को अंजाम देने वाले और उत्तर भारत में सुपर कार चोर के नाम से चर्चित आरोपी मनोज बक्करवाला का बेटा है। फिलहाल वह हिमांशु भाऊ गैंग के सक्रिय सदस्य है। बदमाश पर दस आपराधिक मामले हैं। पुलिस ने चार मामलों को सुलझाने का दावा किया है। बदमाश के पास से एक पिस्टल और दो खोखा मिला है।
बाहरी जिला पुलिस उपायुक्त विक्रम सिंह ने बताया कि बाहरी जिला पुलिस बदमाशों पर निगरानी रख रही थी। इसी दौरान 30 मई की रात 10:15 बजे पुलिस को सूचना मिली कि हिमांशु भाऊ गैंग का सदस्य आशीष उर्फ डॉन यूईआर-2 अंडरपास के पास अपने एक साथी से मिलने आएगा। सूचना मिलते ही निरीक्षक रोहित के नेतृत्व में पुलिस टीम ने वहां घेराबंदी कर दी। रात करीब 11.30 बजे पुलिस को आशीष आता हुआ दिखा। पुलिस टीम ने उसे आत्मसमर्पण करने के लिए कहा। आशीष वहां से भागने लगा और पुलिस टीम पर गोली चला दी। पुलिस ने उसे रोकने के लिए गोली चलाई। बदमाश की दूसरी गोली हवलदार अजय की बुलेटप्रूफ जैकेट पर लगी, लेकिन वह बाल बाल बच गए। उसके बाद पुलिस ने पीछा कर बदमाश को दबोच लिया। तलाशी के दौरान आशीष के कब्जे से एक सेमी-ऑटोमैटिक पिस्टल के साथ दो खोखे मिले।
छानबीन में पता चला कि आरोपी वाहन चोर मनोज बक्करवाला का बेटा है। वह हिमांशु भाऊ गैंग के लिए आपराधिक वारदातों को अंजाम देता है। वह रणहौला में गोलीबारी, मुंडका में मारपीट, आपराधिक धमकी और गोलीबारी, कंझावला में गोलीबारी और छावला में आर्म्स एक्ट के तहत डकैती के मामला में वांछित था। उसपर पहले से दस मामले दर्ज हैं। पुलिस अधिकारी ने बताया कि उसके अन्य साथियों का पता लगाने और उन्हें गिरफ्तार करने के लिए आगे के प्रयास किए जा रहे हैं।