डीपीसीसी की रिपोर्ट के मुताबिक, भलस्वा लैंडफिल साइट पर 26 अप्रैल को आग लग गई थी, जो कि 10 दिनों से अधिक समय तक धधकती रही थी। इससे आसपास के इलाकों में हवा प्रदूषित हो गई थी।
बीते दिनों भलस्वा लैंडफिल साइट पर लगी आग के मामले में दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति (डीपीसीसी) ने नगर निगम पर 50 लाख का जुर्माना लगाया है।
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डीपीसीसी की रिपोर्ट के मुताबिक, भलस्वा लैंडफिल साइट पर 26 अप्रैल को आग लग गई थी, जो कि 10 दिनों से अधिक समय तक धधकती रही थी। इससे आसपास के इलाकों में हवा प्रदूषित हो गई थी।
डीपीसीसी ने डंपसाइट पर निगम के कचरे की अपर्याप्त संघनन देखते हुए कहा कि मिथेन लैंडफिल में उप सतह पर लगने वाली आग का कारण बन सकती है। लैंडफिल साइट में अपशिष्ट संघनन हवा की गुणवत्ता बिगाड़ने से बचने के साथ कूड़ा ढहने और आग के जोखिम को भी कम करता है। डीपीसीसी ने यह भी देखा कि 70 एकड़ में फैले डंप साइट पर ढलान की स्थिरता पर्याप्त नहीं थी। आग दिल्ली-चंडीगढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग के सामने डंपसाइट की ऊंचाई पर शाम करीब साढ़े पांच बजे लगी थी।
वहीं, एमसीडी अधिकारियों ने बताया कि आग से लगभग 300 वर्ग मीटर क्षेत्र प्रभावित हुआ है। हालांकि, तेज हवाओं के कारण आग तेजी से फैल गई। आग की प्रमुख वजह मिथेन गैस, उच्च तापमान और शुष्क वातावरण पाई गई है।