फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

विश्वविद्यालय समाचार : जामिया के पांचों स्कूलों में सत्र 2021 के लिए दाखिले शुरू 

Fri, 07 May 2021 06:21 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली

सार

  • 4 जून तक एक ही प्रोस्पेक्टस भरना होगा
  • दाखिला आवेदन पत्र की फीस 300 रुपये निर्धारित
विज्ञापन
jamia - फोटो : FILE PHOTO
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

जामिया मिल्लिया इस्लामिया के जामिया स्कूल, जामिया सीनियर सेकेंडरी स्कूल समेत पांच अन्य स्कूलों में शैक्षणिक सत्र 2021-22 के तहत दाखिले की रेस शुरू हो गई है। इच्छुक अभिभावक 4 जून तक ऑनलाइन आवेदन पत्र भर सकते हैं। दाखिला आवेदन पत्र की फीस 300 रुपये निर्धारित की गई है। कोविड 19 के चलते अभिभावकों को राहत देने के लिए पहली बार सभी पांचों स्कूलों में दाखिले के लिए एक ही प्रोस्पेक्टस रहेगा। इस बार अभिभावकों को अलग-अलग  प्रोस्पेक्ट्स नहीं खरीदने पड़ेंगे।

विज्ञापन


जामिया मिल्लिया इस्लामिया के रजिस्ट्रार प्रो. नाजिम हुसैन अल जाफरी की ओर से शैक्षणिक सत्र 2021 में दाखिले के लिए अधिसूचना जारी की गई है।  जामिया विश्वविद्यालय कैंपस में जामिया के पांच स्कूल भी हैं। यहां पर पहली से 12वीं कक्षा तक पढ़ाई होती है। इसमें कुछ स्कूल सह-स्कूल तो कुछ सिर्फ लड़के और लड़कियों वाले भी हैं। इसमें मुशीर फातिमा नर्सरी स्कूल,शाह सीनियर सेकेंडरी स्कूल ( स्व-संचालित)- प्राइमरी सेक्शन, जामिया सीनियर सेकेंडरी स्कूल, शाह सीनियर सेकेंडरी स्कूल ( स्व-संचालित) और जामिया गर्ल्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल शामिल हैं। 

जामिया में ईवन सेमेस्टर की परीक्षा के लिए 15 तक करे आवेदन 
जामिया मिल्लिया इस्लामिया में सभी डिग्री प्रोग्राम की ईवन सेमेस्टर की ऑनलाइन परीक्षा ( ओपन बुक एग्जाम) के लिए छात्रों को ऑनलाइन आवेदन पत्र 15 मई तक भरना होगा।  जामिया के परीक्षा नियंत्रक ने छात्रों को वार्षिक परीक्षा के लिए अधिसूचना जारी की है। इसमें लिखा है कि शैक्षणिक सत्र 2020-21 के तहत स्नातक और स्नातकोत्तर प्रोग्राम की पढ़ाई कर रहे छात्रों को ईवन सेमेस्टर की ऑनलाइन परीक्षा में शामिल होने के लिए छात्रों को15 मई तक आवदेन पत्र भरना होगा। हालांकि इसमें पहले वर्ष के दूसरे सेमेस्टर के छात्र शामिल नहीं हैं। 

विज्ञापन

जेएनयू में कोरोना को लेकर भ्रामक सूचना फैलायी तो होगी कार्रवाई

जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय,नई दिल्ली - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय प्रशासन ने बृहस्पतिवार को कोरोना महामारी को लेकर विश्वविद्यालय कैंपस में भ्रामक प्रचार पर सख्त नाराजगी जतायी है। जेएनयू प्रशासन का कहना है कि महामारी के इस मुश्किल दौर में छात्र और शिक्षक भ्रामक प्रचार से अन्य छात्रों, शिक्षकों, कर्मियों और आवासीय परिसर के लोगों में डर पैदा न करें। इससे कोरोना महामारी से  निपटने में दिक्कत आ रही है। इससे आम लोगों में डर पैदा होता है।  इस प्रकार की गतिविधियांबिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं होगी। भ्रामक सूचनाओं का प्रचार करने वालों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। 

जेएनयू प्रशासन ने बृहस्पतिवार को अधिसूचना जारी की है। इसमें लिखा है कि विश्वविद्यालय प्रशासन कैंपस में कोरोना की दूसरी खतरनाक लहर में संक्रमण से बचाने, संक्रमितों को दवा से लेकर अन्य सुविधाएं मुहैया करवाने के लिए जेएनय समुदाय के साथ है। छात्रों, शिक्षकों, कर्मियों समेत कैंपस में रहने वाले सभी आवासीय परिसर के लोगों की हर संभव मदद कर रहा है। हालांकि इन प्रयासों के बाद भी कुछ छात्र और शिक्षक भ्रामक प्रचार कर अन्य लोगों में डर पैदा कर रहे हैं। इस प्रकार की गतिविधियां बिल्कुल बर्दाश्त नहीं होगी। यदि कोई ऐसा करता पाया 

दवा, एंबुलेंस, खाना, जांच, वैक्सीन को लेकर प्रोफेसर की टीम तैनात: 
जेएनयू कैंपस में विश्वविद्यालय प्रशासन ने कोरोना मरीजों की दवा, गरम खाना, आपात स्थिति में अस्पताल पहुंचाने को  एंबुलेंस की व्यवस्था के लिए  अलग-अलग प्रोफेसर की टीम 24 घंटे ऑन डयूटी पर तैनात कर रखी हैं।  कैंपस के कोरोना मरीजों के लिए विशेष मोबाइल हेल्पलाइन नंबर भी जारी किये हैं,ताकि वे आपात स्थिति में सुविधा का लाभ उठा सकें।  कमेटी छात्रों, शिक्षकों और कर्मियों के संपर्क में है। इसके अलावा उनके परिवारों का भी ध्यान रखा जा रहा है।

कोरोना संक्रमण के चलते कुछ परिवारों में खाने बनाने की दिक्कत हो रही थी। कोरोना परिवारों को उनके घर के गेट पर जेएनयू प्रशासन की ओर से गरम खाना दिया जा रहा है।  दिल्ली सरकार के दिशा-निर्देश के तहत लॉकडाउन और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की कोविड-19 गाइडलाइन का पूरा पालन किया जा रहा है। जो लोग कोविड-19 आइसोलेशन सेंटर में जाना चाहते हैं, उसके लिए कैंपस में एबुलेंस की व्यवस्था की गई है। 

घर और हॉस्टल में एक कॉल पर मदद: 
दिल्ली में संक्रमण से हालात खराब है। इसको ध्यान में रखकर कैंपस के सभी सदस्यों की सुरक्षा समेत जीवन बचाने की कोशिश है। इसलिए  डॉ द्वारा लिखित  कोरोना दवा, प्लाज्मा, आपात स्थिति में   अस्पताल और एम्बुलेंस आदि के लिए जेएनयू की कमेटी , केमिस्ट आदि सबके मोबाइल नम्बर भी शेयर किये गए हैं। कैंपस में कोरोना जांच कैम्प और टीकाकरण मेला चलाया गया था। 
विज्ञापन

डीयू छात्रों ने की ओपन बुक एग्जाम स्थगित करने की मांग

Delhi University
दिल्ली  विश्वविद्यालय के छात्रों ने बृहस्पतिवार को एक जून से शुरू होने वाले डीयू ओपन बुक एग्जाम को रद्द करने की मांग रखी है। दिल्ली विश्वविद्यालय के छात्रसंगठन आइसा ने ट्विटर पर सभी ऑनलाइन कक्षाएं स्थगित करने और ओपन बुक एग्जाम से होने वाली वार्षिक परीक्षा को रद्द करने का अभियान चलाया। 

डीयू आइसा के पदाधिकारी अभिज्ञान के मुताबिक, कोरोना की दूसरी लहर दिल्ली एनसीआर ही नहीं, बल्कि देशभर में खतरनाक स्तर पर है। इस संक्रमण के चलते छात्र, शिक्षक और उनके परिजन भी चपेट में हैं। लंबी मांग के बाद दिल्ली विश्वविद्यालय प्रशासन ने मध्य मई से अंतिम सेमेस्टर के छात्रों की ओपन बुक एग्जाम के माध्यम से होने वाली परीक्षा 15 दिन के लिए स्थगित की है। 

हालांकि कोरोना हालात को देखकर लगता नहीं है कि स्थितियों में अभी कोई सुधार होने वाला है। परीक्षा की डेट नजदीक आने के चलते छात्र संक्रमण के साथ तैयारी को लेकर परेशान हैं। ऐसे हालात में कोई छात्र, शिक्षक और परिजन कैसे तैयारी कर सकते हैं। यह सबके साथ अन्याय होगा। इसलिए हमारी विश्वविद्यालय प्रशासन से मांग है कि कोरोना हालात ठीक होने तक दिल्ली विश्वविद्यालय के ओपन बुक एग्जाम को स्थगित किया जाए। ताकि सभी इस मुश्किल वक्त में अपनों परिवारों पर फोकस रख सकें। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें