निर्मला के बीच बचाव करने पर सुमित ने चाकू निकाल लिया और कहने लगा कि वह इलाके का दादा है और रामविलास ने उससे किराया मांगा है। उसके बाद सुमित ने रामविलास को चाकू मार दिया। चाकू लगते ही रामविलास वहीं गिर गया।
इसी दौरान ई-रिक्शा का मालिक आ गया और उसने रामविलास को जगजीवन राम अस्पताल में भर्ती कराया। जहां से राम विलास को इलाज के लिए सफदरजंग अस्पताल रेफर कर दिया। घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस सफदरजंग अस्पताल पहुंची।
जहां रामविलास बयान देने की स्थिति में नहीं था। अगले दिन पुलिस ने निर्मला के बयान पर हत्या का प्रयास का मामला दर्ज कर लिया। देर रात रामविलास के दम तोड़ देने के बाद पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर लिया है।