Delhi :आम आदमी पार्टी का कहना है कि भाजपा के प्रतिनिधि के तौर पर दिल्ली सरकार के कामों में हर दिन अड़चन डालने वाले उपराज्यपाल को चुनाव लड़ लेना चाहिए। इसके बाद ही उनके जनता की ताकत और लोकतंत्र का असल मायने समझ में आएगा। अगर वह जीते तो आप उनकी बात मान लेगी। हारने की सूरत में उनका इस्तीफा देना पड़ेगा।
दिल्ली नगर निगम चुनाव का एलान होने के साथ आम आदमी पार्टी (आप) ने उपराज्यपाल पर हमला बोला है। पार्टी का कहना है कि भाजपा के प्रतिनिधि के तौर पर दिल्ली सरकार के कामों में हर दिन अड़चन डालने वाले उपराज्यपाल को चुनाव लड़ लेना चाहिए। इसके बाद ही उनके जनता की ताकत और लोकतंत्र का असल मायने समझ में आएगा। अगर वह जीते तो आप उनकी बात मान लेगी। हारने की सूरत में उनका इस्तीफा देना पड़ेगा।
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आप विधायक व एमसीडी प्रभारी दुर्गेश पाठक ने कहा कि लोकतंत्र में चुनाव एक उत्सव की तरह होता है। इसमें देश की जनता भाग लेती है, वोट देती है और अपना फैसला सुनाती है कि उनका प्रतिनिधित्व कौन करेगा। सभी पार्टियां अपना-अपना उम्मीदवार खड़ा करती हैं। उन उम्मीदवारों को जनता वोट देती है और जो जीतता है वह जनता से जुड़े हुए मुद्दों पर काम करता है।
दुर्गेश पाठक ने कहा कि एमसीडी चुनाव काफी समय से टाले जा रहे थे और आखिरकार कल उसकी तारीख की घोषणा हुई है। पूरी दिल्ली में 250 वार्ड हैं। आप ने इससे जुड़ा एक प्रस्ताव तैयार किया है। पार्टी चाहती है कि जिस तरह से दिल्ली के उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना इस वक्त भाजपा के प्रतिनिधि के तौर पर काम कर रहे हैं, उनको भी किसी एक वार्ड से चुनाव लड़ना चाहिए। अगर वह चुनाव जीत गए तो हम उनको मान लेंगे। अगर वह चुनाव हार जाते हैं तो उन्हें इस्तीफा दे देना चाहिए।