बागपत व हरियाणा के लिए भी उपयोगी
मुठभेड़ के बाद दबोचे तीन बदमाश
स्पेशल सेल को मिली कामयाबी, एक बदमाश अगले दिन दबोचा, तीन पिस्टल व 12 कारतूस बरामद
-खालसा कॉलेज के पास पुलिस ने गोली मारकर पंक्चर की बदमाशों की कार
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। उत्तरी दिल्ली के नॉर्थ कैंपस इलाके में शुक्रवार रात दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल की खालसा कॉलेज के पास बदमाशों से मुठभेड़ हो गई। पुलिस ने तीन बदमाशों को काबू कर लिया, जबकि बाकी तीन ब्रीजा कार से फरार हो गए। पुलिस की गोली से कार का टायर पंक्चर हो गया था। इसके बाद बदमाशों को करीब डेढ़ किलोमीटर दूर कार को छोड़कर भागना पड़ा। एक अन्य बदमाश को पुलिस ने शनिवार को दबोच लिया। इन बदमाशों दिल्ली निवासी रवि पहलवान (36), सरफराज खान उर्फ अकील (26), गांव सबका बड़ौत, बागपत निवासी विक्रम उर्फ विक्की (32) और विक्रंत नेहरा उर्फ जीवा (28) के पास से दो कारें, तीन पिस्टल व 12 कारतूस बरामद हुए हैं।
स्पेशल सेल के पुलिस उपायुक्त प्रमोद सिंह कुशवाहा ने बताया कि रणजीत नगर में 39 लाख की लूटपाट में शामिल बदमाशों के रिंग रोड पर खालसा कॉलेज के पास आने की सूचना मिली थी। एसीपी ललित मोहन नेगी, इंस्पेक्टर सुनील रंजन और रविंदर जोशी की टीम ने बदमाशों की घेराबंदी की तो उन्होंने फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने भी जवाबी कार्रवाई की। बदमाशों ने तीन और पुलिस ने दो गोलियां चलाईं। मौके से रवि पहलवान, विक्रम उर्फ विक्की और सरफराज खान को काबू किया गया। इनके पास से तीन पिस्टल, 12 कारतूस व तीन खोखे मिले। बाकी तीन बदमाश ब्रीजा कार लेकर भागे तो पुलिस ने पीछा किया। बदमाश करीब डेढ़ किलोमीटर दूर कार छोड़कर फरार हो गए। कार का टायर पुलिस की गोली से पंक्चर हो गया था। पुलिस ने एक फरार बदमाश विक्रांत नेहरा को दिल्ली से दबोच लिया। उसके पास से एक स्विफ्ट कार बरामद हुई है।
रणजीत नगर में लूटे थे 39 लाख रुपये
पुलिस के मुताबिक, पांच दिसंबर 2018 को रणजीत नगर इलाके में रवि, विवेक, सरफराज, विक्रांत और परविंदर ने कैश ले जा रही कार को निशाना बनाया था। पांचों बदमाश दो बाइकों पर थे। इसके बाद बदमाशों ने गोलियां चलाकर 39 लाख रुपये लूट लिये थे। वारदात के बाद सभी बदमाश फरार हो गए थे।
आरोपियों पर दर्ज हैं संगीन मामले
पुलिस के मुताबिक, बागपत के बड़ौत निवासी विक्रम उर्फ विक्की ने 2013 में 9 साथियों के साथ 78 लाख रुपये की लूट की थी। पुलिस ने 2014 में उसे दबोच भी लिया था। अक्तूबर 2017 में वह पैरोल पर जेल से बाहर आया और फरार हो गया। इसके बाद विक्रम ने 2018 में हरियाणा के कैथल सिटी थाना क्षेत्र में कैश वैन लूटपाट के दौरान चालक की हत्या कर दी थी। उस मामले में विक्रम भगोड़ा घोषित है। रवि एमसीडी में सफाई कर्मचारी था। बाद में वह अपराध की दुनिया में आया। वह शाहदरा थाने का बीसी है और कई मामलों में भगोड़ा घोषित है। सरफराज भी एमएस पार्क थाने का घोषित बदमाश है और कई अपराधों में शामिल है। पुलिस विक्रांत नेहरा का आपराधिक रिकॉर्ड खंगाल रही है।