राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने आतंकी फंडिंग मामले में अलगाववादी नेता यासीन मलिक के खिलाफ शुक्रवार को पूरक आरोप पत्र दाखिल किया। एनआईए ने मलिक के अलावा आसिया अंद्राबी, शब्बीर शाह और मसरत आलम भट को भी नामजद किया है। साथ ही पूर्व विधायक राशिद इंजीनियर को आरोप पत्र में बतौर आरोपी बनाया गया है। मामला वर्ष 2017 में आतंकी वारदातों और पत्थरबाजी के लिए पैसा बांटने के आरोपों से जुड़ा है।
पटियाला हाउस कोर्ट के विशेष न्यायाधीश ने बंद कमरे में सुनवाई करते हुए पूरक आरोप पत्र पर संज्ञान लेने के लिए 23 अक्टूबर की तारीख तय की है। एनआईए ने यासीन को 10 अप्रैल को गिरफ्तार किया था। एनआईए ने उनके खिलाफ आतंकी वारदातों के लिए फंड जुटाने, विदेशों से हवाला के जरिए रकम लेने के आरोप में मामला दर्ज किया था।
इस पैसे का इस्तेमाल कश्मीर घाटी में आतंकी वारदातों, सुरक्षा बलों पर पत्थरबाजी कराने, स्कूलों को जलवाने, सार्वजनिक संपत्ति को क्षतिग्रस्त और देश के खिलाफ जंग छेड़ने के लिए किया जाता था। केंद्र सरकार ने यासीन मलिक की गिरफ्तारी के एक महीने बाद ही उनके संगठन जेकेएलएफ पर प्रतिबंध लगा दिया था। सरकार का कहना है कि जेकेएलएफ 1988 से ही अलगाववादी गतिविधियों में लिप्त रहा है और घाटी में अशांति फैलाने में इसकी अहम भूमिका रही है।